जुब्बल-कोटखाई वाया खड़ापत्थर मार्ग को वन वे किए जाने से सेब उत्पादकों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। रात आठ बजे के बाद खड़ापत्थर से कोटखाई की ओर ट्रकों की एंट्री बैन होने के कारण सेब एक दिन देरी से मंडी पहुंच रहा है।
ट्रक में पेटियां पैक रहने के कारण सेब की क्वालिटी पर असर पड़ने के चलते मार्केट में रेट भी अच्छे नहीं मिल रहे हैं। बागवानों ने खड़ापत्थर से कोटखाई की ओर रात दस बजे तक ट्रकों के रवानगी जारी रखने की मांग की है।
लोकल मंडियों में देरी से पहुंच रहा सेब
सड़क की खस्ताहालत के कारण आसपास की लोकल मंडियों में भी सेब की खेप देरी से पहुंच रही है। रोहड़ू, जुब्बल, खड़ापत्थर और कोटखाई से चलने वाली सेब की गाड़ियों को शिमला, सोलन और चंडीगढ़ की मंडियों तक पहुंचने में अधिक समय लग रहा है। इसके कारण बागवानों को नुकसान उठाना पड़ रहा है।