शिमला। सत्र न्यायालय ने चेक बाउंस के मामले में जिला सोलन के चंबाघाट निवासी स्वर्ण सिंह को दोष सिद्ध नहीं होने पर बरी कर दिया। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अशोक कुमार की अदालत ने यह फैसला सुनाया। अदालत ने पाया कि चेक रिकॉर्ड पर गलत साबित हुआ है। यह मामला साल 2012 में पंथाघाटी स्थित श्री राम ट्रांसपोर्ट फाइनेंस कंपनी लिमिटेड का है। आरोप लगे थे कि शिकायतकर्ता से अभियुक्त स्वर्ण सिंह ने 3, 50,000 रुपये का ऋण लिया था। देनदारी का निर्वहन करने के लिए उसने एक चेक जारी किया लेकिन अनादरित (बाउंस) हो गया। इसके बाद 16 दिसंबर 2014 को अदालत में केस दायर किया था। अदालत ने स्पष्ट किया है कि चेक जारी करने और प्रस्तुत करने की तिथि तक अभियुक्त की देयता 3,50,000 रुपये नहीं थी। संवाद