अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। प्रदेश में नई सत्तासीन हुई भाजपा सरकार से विश्वविद्यालय के चतुर्थ श्रेणी और तकनीकी कर्मचारियों ने कई उम्मीदें लगा रखी हैं। बुधवार को विश्वविद्यालय में इन दोनों वर्गों के कर्मचारियों की समस्याओं को प्रदेश सरकार के समक्ष उठाने को लेकर बैठक की गई। प्रदेश विश्वविद्यालय चतुर्थ श्रेणी एवं तकनीकी कर्मचारी संघ के अध्यक्ष चेत राम की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रदेश के मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर और भाजपा सरकार को शुभकामनाएं दीं। बैठक में मौजूद पदाधिकारियों उपाध्यक्ष मोहिंद्र सिंह महासचिव कुशल देव लगवाल, संयुक्त सचिव नंद किशोर, संगठन सचिव पुनीत कुमार, प्रेस सचिव शंकर सिंह और वित्त सचिव ज्ञान चंद ने कहा कि विवि के इन दोनों वर्गों के कर्मचारी लंबे समय से पदोन्नति, नियमितीकरण के साथ ही अपनी तमाम मांगों को उठाते रहे हैं, लेकिन ये आज तक पूरी नहीं हो पाई हैं। अब नई सरकार आने के बाद उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में सरकार विवि में कार्यरत इन दोनों वर्गों के कर्मचारियों की समस्याओं को समझ कर उन्हें पूरा करेंगे। कर्मचारी नेताओं ने विवि प्रशासन को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि उनकी मांगों को लगातार नजरअंदाज किया गया। बैठक में दोनों वर्ग की तमाम लंबित मांगों का खाका तैयार किया गया, जिसे संघ आने वाले दिनों में प्रमुखता से विवि प्रशासन के माध्यम से प्रदेश सरकार से उठाएगा।
ये हैं संघ की मुख्य लंबित मांगें
-स्वयं पोषित विभागों में सेवारत कर्मचारियों को विवि की मुख्य धारा में लाना
-छात्रावासों में छात्रों के पैसे पर रखे मेस हेल्पर को दैनिक वेतन भोगी बनाना
- कर्मियों को सरकार की 7 मई 2015 को जारी अधिसूचना के आधार पर नियमित करना
-लिपिक के पद के लिए चतुर्थ श्रेणी कर्मियों को पदोन्नत करने को एक मुश्त छूट देना
-निर्माण मंडल में कार्यरत कर्मियों को सचिवालय भत्ते का भुगतान करना
-विवि में सफाई के आउटसोर्स किए कार्य को समाप्त करना
- सेवादार, सफाई कर्मियों, बेलदार, मेस हेल्पर के पदों को पदोन्नति से भरना
-चतुर्थ श्रेणी और तकनीकी कर्मचारियों के पदों को जल्द भरना
-चतुर्थ श्रेणी कर्मियों के आवासों के निर्माण और मरम्मत को धनराशि मुहैया करवाना