डिप्लोमा कोर्स में मिले रि-अपीयर की सुविधा
छात्रों का एक साल हो रहा बर्बाद : एसएफआई
संगठन कार्यकर्ताओं ने कुलपति से उठाई मांग
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के एक साल के डिप्लोमा कोर्स जैसे योग सहित अन्य कोर्स में रि-अपीयर की सुविधा न होने के कारण छात्रों को दोबारा दोनों परीक्षाएं देनी पड़ती हैं। इससे उनका एक साल बर्बाद हो जाता है। सभी डिप्लोमा कोर्स में पीजी डिग्री कोर्स की तर्ज पर रि-अीपयर की सुविधा देने की मांग को लेकर शनिवार को एसएफआई ने कुलपति से मुलाकात की। इस दौरान इकाई सचिव अनिल नेगी और ट्राइबल छात्र संघ के सचिव सचिन ने कुलपति से कहा कि डिप्लोमा कोर्स में यदि कोई छात्र तय परीक्षाओं में किसी एक में फेल होता है, या अपनी एक परीक्षा नहीं दे पाता है तो उसे दोबारा से एक साल लगाकर सभी परीक्षाएं देनी पड़ती हैं। इससे छात्र को एक साल के कोर्स के लिए दो साल लगाने पड़ते हैं। यदि डिप्लोमा कोर्स में भी पीजी डिग्री कोर्स की तर्ज पर रि-अपीयर की सुविधा मिल जाए तो जो छात्र परीक्षा नहीं दे पाया है, उसे देकर अपना साल बचा सकता है। उसे दोबारा से सभी लिखित परीक्षा पास करने की जरूरत नहीं रहेगी। उन्होंने मांग उठाई कि योग डिप्लोमा के साथ ही विवि की ओर से संचालित किए जाने वाले सभी डिप्लोमा कोर्स में यह सुविधा दी जाए।