शिमला। मान्यता को लेकर एमएम मेडिकल कॉलेज सोलन और हिमाचल सरकार के बीच ठन गई है। पिछले सप्ताह ही सूबे की सरकार ने एमएम कॉलेज के खिलाफ केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय को भारी भरकम रिपोर्ट भेजी है। उल्लेख किया गया है कि सरकार की शर्तों का उल्लंघन करके कॉलेज प्रबंधन ने हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) से मान्यता नहीं ली है। ऐसे में मंत्रालय भी प्रदेश सरकार की रिपोर्ट पर विचार करते हुए उचित कदम उठाए।
प्रदेश सरकार ने जब एमएम मेडिकल कॉलेज की मंजूरी दी थी, तब यह शर्त रखी थी कि कॉलेज को मान्यता एचपीयू से करानी होगी। अभी तक कॉलेज ने एचपीयू से मान्यता नहीं ली है। अब कॉलेज प्रबंधन एमएम विश्वविद्यालय सोलन से मान्यता लेने की बात कर रहा है। ऐसे में सवाल खड़ा किया गया है कि सरकार ने मान्यता एमएम कॉलेज ट्रस्ट को दी थी। एमएम विश्वविद्यालय से सरकार को कोई सरोकार नहीं है। इस विवाद से एमबीबीएस छात्रों के भविष्य पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। सूत्रों का कहना है कि स्वास्थ्य महकमे के अफसर की कॉलेज प्रबंधन के साथ मिलीभगत है।
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एमएम मेडिकल कॉलेज ने सरकार की शर्तों का उल्लंघन किया है। पिछले सप्ताह ही इसकी शिकायत केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय से कर दी गई है। मंत्रालय के जवाब का इंतजार किया जा रहा है। एचपीयू से मान्यता न लेकर कालेज प्रबंधन ने गलत कदम उठाया है।
-- विनीत चौधरी, अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य