शिमला। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने राज्य के सरकारी और निजी डाक्टरों से अपील की है कि वे प्रदेश के मरीजों के लिए अर्थपूर्ण रिसर्च और विचार विमर्श करें, जिससे उन्हें लाभ हो सके। उन्हें हर स्तर पर राहत पहुंचाई जा सके। प्रदेश का स्वास्थ्य बेहतर रहे। इसको लेकर सरकार की ओर से पूरी कोशिश की जा रही है। वह शनिवार को ट्रिपल एच में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के वार्षिक समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
वीरभद्र सिंह ने प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर उठाए गए कदम के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के स्वास्थ्य को बेहतर करने के लिए स्कूली बच्चों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता पैदा करने की जरूरत है। डाक्टरों को प्रदेश में होने वाली हर चुनौती से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा, जिससे प्रदेश को कभी संकट के दौर से न गुजरना पड़े। बताया कि सरकार सरकारी अस्पतालों को लगातार अपग्रेड कर रही है, जिससे गरीब मरीजों को भी बेहतर इलाज हो सके। इस मौके पर उन्होंने डा.सुषमा कौशल द्वारा लिखित पुस्तक ‘डाक्टर की डायरी’ का भी मुख्यमंत्री ने विमोचन किया। इस मौके पर मुख्य संसदीय सचिव स्वास्थ्य नंद लाल, आईएमए के डा.राजीव राय, डा.राघवेश ज्योति, डा.मदन कौशल सहित प्रदेश भर के डाक्टर मौजूद थे। रविवार को आईएमए की ओर से अलग-अलग बीमारियों पर कार्यशाला का आयोजन किया जाएगा, जिसमें डाक्टर शिरकत करेंगे।