शिमला। हिमाचल प्रदेश के लिए एक अच्छी खबर है। प्रदेश के नेशनल हाइवे की सूरत बदलने के लिए केंद्रीय भूतल एवं परिवहन मंत्रालय ने लगभग 326 करोड़ की राशि जारी की है। प्रदेश सरकार ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को तेजी से कार्य करने का निर्देश दिए हैं।
प्रदेश के नेशनल हाइवे पर लगभग 300 किलोमीटर सड़कों की हालत बेहद खराब है। इस पर टारिंग का कार्य कराया जाना है, जिससे लोगों को नेशनल हाइवे पर हिचकोले खाने के लिए मजबूर न होना पड़े। 2013-14 का 299 करोड़ का बजट अब मिला है। जबकि वित्तीय वर्ष 2014-15 के लिए केंद्र ने 27 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी कर दी है। प्रदेश सरकार ने लोक निर्माण विभाग के अफसरों को निर्देश दिया है कि नेशनल हाइवे के काम को तेजी से पूरा किया करें। लंबे समय से प्रदेश के लगभग 10 नेशनल हाइवे की कुछ हिस्सों की स्थिति खराब बनी हुई है। बीच में आदर्श आचार संहिता लागू होने के कारण भी काम प्रभावित रहा।
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इन राष्ट्रीय राजमार्ग की होगी मरम्मत
एनएच 20, 21, 22, 21ए, 70, 72, 72 बी और 305 एनएच के लिए बजट स्वीकृत हुआ है
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प्रदेश में कुल 12 नेशनल हाइवे
हिमाचल प्रदेश से कुल 12 नेशनल हाइवे गुजरते हैं, जिसकी लंबाई 1552.59 किलोमीटर है। इसमें सबसे अधिक लंबाई कालका-वांगटू-कौरिक नेशनल हाइवे की किलोमीटर 295 है।
कोट
300 करोड़ रुपये से अधिक का बजट आ चुका है। अब नेशनल हाइवे पर तेजी से काम शुरू किया जा रहा है। कोशिश है कि जल्द से जल्द काम पूरा किया जाए। इसको लेकर अफसरों को विश्ेाष हिदायत दी गई है। - अनिल शर्मा, मुख्य अभियंता राष्ट्रीय राजमार्ग