Sadhna Saxena Nair : लेफ्टिनेंट जनरल साधना सक्सेना नायर चिकित्सा सेवा (सेना) के महानिदेशक का पद संभालेंगी। इस पद पर नियुक्त होने वाली वह पहली महिला हैं। साधना ने सशस्त्र बल मेडिकल काॅलेज, पुणे से स्नातक की उपाधि प्राप्त की है। साधना सक्सेना नायर दिसंबर 1985 में वायुसेना में शामिल हुई थीं। साथ ही उनका परिवार सेना में सात दशकों से कार्यरत होते हुए देश की सेवा कर रहा है। आइए जानते हैं साधना सक्सेना नायर की शिक्षा, सेना में उनकी सेवा और उपलब्धियों के बारे में।
कौन हैं साधना सक्सेना नायर?
लेफ्टिनेंट जनरल साधना सक्सेना नायर देश की पहली महिला डीजी चिकित्सा सेवा (सेना) नियुक्त हुई हैं। वह एक अगस्त 2024 से महानिदेशक चिकित्सा सेवा (सेना) का पदभार संभाल रही हैं। इसके पहले भी उनके नाम कई क्षेत्रों में पहली महिला होने का रिकॉर्ड दर्ज है।
वायुसेना के एकमात्र एयर मार्शल दंपत्ति
साधना सक्सेना नायर के पति का नाम के.पी.नायर है जो कि सेवानिवृत्त एयर मार्शल हैं। नायर दंपत्ति भारतीय वायुसेना के पहले और अब तक के एकमात्र एयर मार्शल दंपत्ति हैं।
सेना में शामिल परिवार की तीन पीढ़ियां
साधना सक्सेना के परिवार की तीन पीढ़ियां भारतीय वायुसेना से जुड़ी हुई हैं, जो पिछले सात दशकों से सेना में अपनी सेवा दे रहे हैं।
साधना सक्सेना की शिक्षा
उन्होंने पुणे स्थित सशस्त्र बल चिकित्सा महाविद्यालय से एमबीबीएस की डिग्री हासिल की। दिसंबर 1985 में सेना चिकित्सा कोर में कमीशन मिला। उनके पास फैमिली मेडिसिन में पोस्ट ग्रेजुएट डिग्री भी है। साधना सक्सेना ने एम्स नई दिल्ली से चिकित्सा सूचना विज्ञान में दो साल का ट्रेनिंग पूरी की।
विदेश में चिकित्सा सेवा पर काम
विदेश में सीबीआरएम (केमिकल, बायोलॉजिकल, रेडियोलॉजिकल एंड न्यूक्लियर) वारफेयर और मिलिट्री मेडिकल एथिक्स में ट्रेनिंग ली।
साधना सक्सेना नायर की उपलब्धियां
उनके नाम पश्चिमी वायु कमान और प्रशिक्षण कमान की पहली और एकमात्र महिला प्रधान चिकित्सा अधिकारी होने का गौरव प्राप्त हैं। साधना सक्सेना को राष्ट्रपति द्वारा विशिष्ट सेवा पदक से नवाजा जा चुका है। साधना सक्सेना नायर एयर मार्शल बनने वाली दूसरी महिला अधिकारी हैं। इसके पहले एयर मार्शल पद्मा बंदोपाध्याय इस पद पर रही थीं।