पूर्व सांसद डॉ. निर्मल खत्री ने आगे लिखा कि यह अलग बात है कि अपने जीवन में मैं कई तीर्थो पर जाकर प्रणाम कर चुका हूं। अमरनाथ यात्रा, वैष्णो देवी यात्रा, रामेश्वरम, पुरी जगन्नाथ, नासिक त्रयम्बकेश्वर, काशी विश्वनाथ, श्रीनगर शंकराचार्य मंदिर, बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगौत्री, हरिद्वार, उज्जैन महाकाल, ओंकारेश्वर, द्वारिका, मथुरा, वृंदावन, सोमनाथ मंदिर, विघ्नेश्वर मंदिर, तिरुपति, शिरडी साईबाबा आदि।
इन बातों को लिखने का तात्पर्य यह है कि अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के निमंत्रण का सम्मान करते हुए इसमें भाग लूंगा। पार्टी से ऐसा निर्देश नहीं है कि कोई कांग्रेसी इसमें भाग न लें। सिर्फ सर्वोच्च नेताओं ने ही 22 तारीख के निमंत्रण में आने की असमर्थता व्यक्त की है।
अब तो प्रदेश कांग्रेस इकाई ने भी 15 तारीख को अयोध्या यात्रा, सरयू में डुबकी, दर्शन करके 22 के निमंत्रण को हर हाल में स्वीकार करने के लिए प्रेरित कर दिया है। उन्होंने आगे लिखा कि मुझे गर्व है कि मेरे साहसी नेता राहुल गांधी इस देश के लोगों की आवाज बनकर उनकी समस्याओं को उजागर करने और उन्हें यह विश्वास दिलाने कि राहुल गांधी उनके साथ खड़े हैं, एक लंबी यात्रा पर मणिपुर से महाराष्ट्र के लिए निकले हैं।