सार
राजस्थान के अंता उपचुनाव में अब 15 उम्मीदवार मैदान में हैं। मुख्य मुकाबला कांग्रेस के प्रमोद जैन, बीजेपी के मोरपाल सुमन और निर्दलीय नरेश मीणा के बीच है। बागियों के हटने से बीजेपी को बढ़त मिली, जबकि नरेश मीणा ने मुकाबले को त्रिकोणीय बना दिया।
राजस्थान के बारां जिले की अंता विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए नामांकन वापसी की अंतिम तिथि सोमवार को समाप्त हो गई। इस दौरान बीजेपी के पूर्व विधायक रामपाल मेघवाल समेत कुल 5 प्रत्याशियों ने अपने नामांकन वापस ले लिए। इसके बाद अब कुल 15 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। हालांकि मुख्य मुकाबाल तीन दावेदारों के बीच माना जा रहा है। बीजेपी से मोरपाल सुमन और कांग्रेस से प्रमोद जैन भाया मुख्य दावेदार हैं, जबकि कांग्रेस के बागी नेता नरेश मीणा ने निर्दलीय उतरकर मुकाबले को त्रिकोणीय बना दिया है।
अंता सीट के बनने के बाद से यहां अब तक 4 चुनाव हो चुके हैं। इनमें से दो चुनाव कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जैन भाया ने जीते हैं। इसलिए अनुभव के आधार पर प्रमोद जैन भाया सबसे कड़े प्रतिद्वंदी हैं। लेकिन मोरपाल सुमन को फ्रेश प्रत्याशी होने का फायदा भी मिल सकता है। उनके साथ कोई पुरानी एंटीइमकंबेंसी नहीं है। नरेश मीणा निर्दलीय हैं लेकिन इनके साथ ही समर्थकों का बड़ा जमवाड़ा देखने को मिल रहा है। मीणा ने प्रचार में पूरी ताकत झोंक रखी है।
5 ने नाम वापस लिए
नामांकन वापस लेने वालों में अभय दास जांगीड़, सुनीता मीणा, रामपाल मेघवाल, नरोत्तम पारिक और संतोष सुमन शामिल हैं। पूर्व विधायक रामपाल मेघवाल, जो पहले बगावत कर निर्दलीय उतरे थे, ने बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ से मुलाकात के बाद नामांकन वापस लेकर मोरपाल सुमन को समर्थन दे दिया। बागियों के हटने से बीजेपी को राहत मिली है। राठौड़ ने कहा कि पार्टी ने सीएम के नेतृत्व में माइक्रो-मैनेजमेंट स्तर पर चुनावी तैयारी कर ली है और हर बूथ पर संगठन की पकड़ मजबूत की गई है।
अब अंता सीट पर तीन ध्रुवीय मुकाबला बन गया है —
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कांग्रेस के प्रमोद जैन भाया, हाड़ौती के अनुभवी नेता
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बीजेपी के मोरपाल सुमन, संगठन के मजबूत प्रत्याशी
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निर्दलीय नरेश मीणा, कांग्रेस वोट बैंक में सेंध लगाने वाले युवा नेता
हालांकि नरेश मीणा प्रमुख दावेदार नहीं हैं लेकिन राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि किसी प्रत्याशी की जीत हार में नरेश फैक्टर काम जरूर करेगा। यह किस वर्ग के वोटों में सेंद लगाते हैं इससे चुनाव के नतीजे बहुत हद तक प्रभावित हो सकते हैं।
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