भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने मंगलवार को जयपुर में एक सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते ट्रैप किया। आरोपी सुखदेव जाट पुलिस थाना प्रतापनगर, जयपुर पूर्व आयुक्तालय में तैनात है। एसीबी टीम ने रिश्वत की रकम उसकी पहनी हुई खाकी वर्दी की पेंट की जेब से बरामद की।
एसीबी के अनुसार 11 अगस्त 2026 को एक परिवादिया ने एसीबी चौकी एसयू प्रथम जयपुर में शिकायत दी थी। इसमें आरोप लगाया गया कि प्रतापनगर थाने में दर्ज एक मामले में अनुसंधान अधिकारी एएसआई सुखदेव जाट ने प्रभावी पैरवी करने, मदद करने, आरोपी को गिरफ्तार करने और चालान पेश करने के बदले 10 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
सत्यापन में रिश्वत मांगने की पुष्टि
शिकायत के सत्यापन के दौरान एसीबी ने रिश्वत मांगने की पुष्टि की। इसके बाद मंगलवार को पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित के सुपरविजन में ट्रैप की कार्रवाई की गई। उप अधीक्षक पुलिस अर्चना मीणा के नेतृत्व में टीम ने आरोपी को परिवादिया से 10 हजार रुपये लेते हुए पकड़ लिया।
एसीबी के मुताबिक आरोपी ने रिश्वत की राशि अपनी खाकी वर्दी की पेंट की जेब में रखी थी, जिसे टीम ने बरामद कर लिया। प्रारंभिक जांच में परिवादिया से संबंधित काम आरोपी के स्तर पर लंबित होना सामने आया है।
पूछताछ और आगे की कार्रवाई जारी
एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव और महानिरीक्षक पुलिस एस. परिमाला के सुपरविजन में आरोपी से पूछताछ की जा रही है। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे अनुसंधान किया जाएगा।
एसीबी ने लोगों को किया अलर्ट
एसीबी ने कहा है कि किसी व्यक्ति के खिलाफ एसीबी में अभियोग या प्राथमिक जांच दर्ज होने पर संबंधित व्यक्ति सीधे एसीबी से संपर्क कर अपना पक्ष या स्पष्टीकरण प्रस्तुत कर सकता है। स्पष्टीकरण का विस्तृत विश्लेषण करने के बाद ही अनुसंधान में आगे का निर्णय लिया जाता है।
एसीबी ने लोगों से अपील की है कि भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों की शिकायत के लिए टोल फ्री नंबर 1064 और व्हाट्सऐप हेल्पलाइन 94135-02834 पर 24 घंटे संपर्क किया जा सकता है।