राजस्थान के दौसा जिले में 16 वर्षीय गर्भवती नाबालिग के साथ कथित सामूहिक दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, नाबालिग ने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास एक सुनसान जगह पर बच्चे को जन्म दिया, लेकिन नवजात की जान नहीं बच सकी। इसके बाद नाबालिग अस्पताल पहुंची, जहां डॉक्टरों ने नवजात को मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पुलिस को मामले की जानकारी मिली। पुलिस ने नाबालिग की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एक नामजद संदिग्ध को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास सुनसान जगह पर ले जाने का आरोप
पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, कुछ युवकों ने कथित तौर पर नाबालिग को अगवा कर लिया था। आरोप है कि वे उसे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास एक सुनसान जगह पर ले गए, जहां उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया। इसी दौरान नाबालिग को प्रसव पीड़ा शुरू हो गई और उसने वहीं बच्चे को जन्म दिया।
इसके बाद नाबालिग अस्पताल पहुंची, जहां डॉक्टरों ने नवजात को मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन ने घटना की सूचना स्थानीय पुलिस को दी, जिसके बाद मामले की जांच शुरू हुई।
अस्पताल में भर्ती नाबालिग की हालत स्थिर
पुलिस के अनुसार, यह घटना दौसा जिले के कोलवा थाना क्षेत्र की है। 16 वर्षीय नाबालिग गर्भवती थी और उसने बच्चे को जन्म दिया था, लेकिन नवजात जीवित नहीं बचा। नाबालिग का चिकित्सकीय परीक्षण कराया गया है। फिलहाल उसकी हालत स्थिर है और उसे अस्पताल में भर्ती रखा गया है।
एसपी ने दिए जांच के निर्देश, डीएसपी को सौंपी जिम्मेदारी
दौसा के पुलिस अधीक्षक कुंदन कंवरिया ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए नाबालिग के बयान दर्ज किए गए हैं और केस दर्ज कर लिया गया है। आगे की जांच की जिम्मेदारी पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) को सौंपी गई है।
एसपी के मुताबिक, शुरुआती जांच में नाबालिग के बयान के विपरीत कोई साक्ष्य नहीं मिला है। जांच में यह भी सामने आया कि एक युवक, जो नाबालिग का परिचित बताया जा रहा है, उसे बाइक से अस्पताल लेकर पहुंचा था। पुलिस ने एक नामजद संदिग्ध को हिरासत में लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है।