गृह मंत्रालय के निर्देश पर आज रात हवाई हमले की स्थिति से निपटने के लिए निर्धारित मानक संचालन प्रक्रिया के अनुसार जिले में रात्रि 8 से 8.15 बजे तक ब्लैक आउट का पूर्वाभ्यास किया गया। 8 बजते ही सायरन की गूंज शुरू हुई, जिसके बाद लोगों ने तुरंत अपने घरों की बिजली बंद कर दी। वहीं विद्युत विभाग द्वारा भी बिजली की कटौती की गई और स्ट्रीट लाइटों को बंद किया गया।
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ब्लैक आउट के चलते करीब 15 मिनट तक पूरा बाड़मेर अंधेरे में डूब गया और पूरी तरह से शांति छा गई। जिला प्रशासन ने इसके लिए आमजन से सहयोग की अपील की गई थी, जिसका व्यापक असर देखने को मिला और लोगों ने 8 बजते ही अपने घरों और दुकानों की बिजली बंद कर दी।
जिला कलेक्टर टीना डाबी ने बताया कि निर्धारित समय में सायरन बजते ही सभी नागरिकों ने अपने घरों, दुकानों, होटलों, भवनों, वाहनों, स्ट्रीट लाइट, पर्यटन स्थलों व कार्यालयों की सभी लाइटें बंद करने के साथ ही अन्य किसी भी प्रकार की रोशनी का प्रयोग नहीं किया। कलेक्टर ने ब्लैक आउट के पूर्वाभ्यास में प्रशासन का सहयोग करने के लिए जनता का आभार व्यक्त किया है।