राजस्थान एटीएस जयपुर की टीम ने कोटा शहर में शुक्रवार को 3 जगह छापेमारी करते हुए फर्जी सिम मॉडेम बॉक्स एक्सचेंज तैयार करने वाले गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। एटीएस ने छापेमारी कर मौके से एक्सचेंज जब्त करते हुए 4 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।
एडीजी पुलिस ने बताया कि ऐसी सूचना मिली थी कि राजस्थान के कोटा शहर में फर्जी सिम मॉडेम बॉक्सों के कई जगह पर एक्सचेंज बनाकर भारत के विभिन्न राज्यों में मोबाइल पर कॉल्स की जा रही हैं। इस सूचना को डेवलप कर कार्रवाई करने के लिए एटीएस राजस्थान पुलिस के एसपी शांतनु कुमार सिंह के निर्देशन में एएसपी राजेश भारद्वाज, जयनारायण, रमेश मौर्य के नेतृत्व में टीम गठित की गईं। इन टीमों ने कोटा पुलिस की मदद से इन अपराधियों को पकड़ने के लिए बड़े स्तर पर छापेमार कार्रवाई की। मामले में 3 अलग-अलग जगहों पर कार्रवाई करते हुए फर्जी मॉडेम एक्सचेंज बॉक्स जब्त किए गए और 4 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। 3 एफआईआर भी दर्ज की गई हैं।
युवराज सिंह राजपूत और अरुण शर्मा गिरफ्तार
पहली कार्रवाई में युवराज सिंह राजपूत पुत्र प्रताप सिंह राजपूत और अरुण शर्मा पुत्र चंद्र प्रकाश शर्मा को गिरफ्तार किया गया। ये दोनों ही गिरधर भवन वाली गली शिवराज डेयरी के पास, शिवपुरा कोटा के रहने वाले हैं। इन आरोपियों से 5 सिम बॉक्स, 160 स्लॉट, 53 सिम, 3 राउटर और 1 एडेप्टर बरामद किया गया है। यह कार्रवाई इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर यूनिट कोटा के एटीएस एसपी राजेश भारद्वाज और ज़ब्तकर्ता अधिकारी एएसपी एटीएस यूनिट अजमेर रमेश मौर्य ने की।
दूसरी कार्रवाई में राजेश कुमार और गजराज सिंह अरेस्ट
दूसरी कार्रवाई में राजेश कुमार पुत्र रामकिशन, निवासी- न्यू कॉलोनी, बस स्टैंड नयापुरा, कोटा और गजराज सिंह पुत्र देवराज सिंह, निवासी-मकान नंबर 6, दुर्गा नगर, पूनम कॉलोनी, पुलिस स्टेशन, रेलवे कॉलोनी कोटा को गिरफ्तार किया गया। इस कार्रवाई के दौरान 2 सिम बॉक्स, 8 स्लॉट, 43 सिम और 1 राउटर जब किए गए। यह कार्रवाई इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर एएसपी एटीएस पुष्पेंद्र सिंह और ज़ब्त कर्ता अधिकारी एएसपी एटीएस जयनारायण ने की।
तीसरी कार्रवाई में नामजद अभियुक्त हेमराज मेहरा के खिलाफ एफआईआर
तीसरी कार्रवाई में नामजद अभियुक्त हेमराज मेहरा पुत्र भंवरलाल, उम्र 40, निवासी- 116 बम्बूल माताजी कोटडी, गोरधनपुरा कोटा के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। यह कार्रवाई इन्वेस्टिगेशन ऑफिसर पुष्पेंद्र सिंह, एएसपी एटीएस और ज़ब्तकर्ता अधिकारी एएसपी एटीएस यूनिट कोटा राजेश भारद्वाज ने की।
तीनों छापामार कार्रवाई की 3 अलग-अलग एफआईआर SOG थाने में दर्ज
इन तीनों कार्रवाई में एटीएस ने धारा 420, 120-बी भारतीय बेतार अधिनियम 1933 और 4, 20, 21, 25 भारतीय तार अधिनियम 1885 और 66, 66-डी सूचना अधिनियम थाना एसओजी, राजस्थान जयपुर के में दर्ज कराई है। एफआईआर में मुकदमा नंबर 18/ 2023, 17/2023 और 19/2023 कायम किए गए हैं।
विदेशों में बात कराते थे बदमाश
फर्जी और अवैध तरीके से एक्सचेंज बॉक्स लगाकर विदेशों में बैठे लोगों को भारत में इंटरनेट के जरिए मोबाइल कॉल पर साधारण फोन कॉल की तरह गिरफ्तार बदमाश बात करवाते थे। आशंका ये भी जताई जा रही है कि बदमाश आतंकी गतिविधि, हवाला, रंगदारी, फिरौती, आपराधिक गतिविधियों में भी लिप्त हैं।
क्या होता है सिम मॉडेम बॉक्स?
सिम मॉडेम बॉक्स एक इलेक्ट्रॉनिक उपकरण है, जो हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर के बेस पर काम करता है। यह वॉइस ओवर इंटरनेट प्रोटोकोल (VOIP) कॉल को साधारण वॉइस कॉल में तब्दील करके फर्जी मोबाइल सिम से ग्राहक तक साधारण कॉल पहुंचाता है। जिससे दूरसंचार विभाग (DOT)/ मोबाइल कंपनियों को ऐसे कॉल की पहचान नहीं होती। सिम मॉडम बॉक्स छोटे मोबाइल एक्सेंज के रूप में काम करता है। जो भारत में अवैध है। विदेश में बैठा हुआ व्यक्ति VOIP कॉल करके भारत में मौजूद व्यक्ति से साधारण कॉल के जरिए इस तरह बात कर लेता है।
पहले भी कोटा में हो चुकी ऐसी ही कार्रवाई
इससे पहले भी इसी तरह के सिम बॉक्स फर्जी सिमों के जरिए संचालित पाए जाने पर फर्जी सिमें बेचने वाले अपराधियों के खिलाफ एफआईआर नम्बर 004/ 2023 धारा 420, 120 बी और 08/ 2023 धारा 420, 120 बी IPC, 66-सी आईटी एक्ट थाना एसओजी में प्रकरण दर्ज हुआ है, जिनका इन्वेस्टिगेशन जारी है। पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के आधार पर आगे भी इस तरह की कार्रवाई हो सकती हैं।