मादक पदार्थ तस्करी के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी दिनेश रेबारी की करीब 14.43 लाख रुपये की अवैध संपत्ति को पुलिस की पहल पर दिल्ली स्थित सक्षम प्राधिकारी ने फ्रीज कर दिया है। सक्षम प्राधिकारी एवं प्रशासक, दिल्ली ने अरांई थाना क्षेत्र में वर्ष 2026 में दर्ज हुए मादक पदार्थ तस्करी के प्रकरण में यह आदेश जारी किए हैं। अरांई थाना पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्तियों का ब्योरा और संबंधित दस्तावेज एकत्र कर सक्षम प्राधिकारी के समक्ष कार्रवाई का प्रस्ताव पेश किया था, जिस पर आदेश जारी किए गए हैं।
फ्रीज की गई संपत्तियों का विवरण
अरांई थाना प्रभारी राजमल कुमावत ने बताया कि सक्षम प्राधिकारी एवं प्रशासक, दिल्ली ने संपत्ति फ्रीज करने संबंधी अधिकृत आदेश जारी किए। फ्रीज की गई संपत्तियों का आकलित मूल्य 14 लाख 43 हजार रुपये है। इसमें 8 लाख 70 हजार रुपये मूल्य की एक वैन्यू कार शामिल है। इसके अलावा आरोपी के गांव छोटालांबा में स्थित एक भूखंड को भी फ्रीज किया गया है, जिसकी अनुमानित कीमत 5 लाख 73 हजार रुपये आंकी गई है।
डोडा पोस्त छोड़कर भागा था आरोपी
पुलिस के अनुसार, 13 जून को अरांई थाने में आरोपी के खिलाफ मादक पदार्थ तस्करी का मामला दर्ज किया गया था। इस घटना के दिन छोटालांबा निवासी 30 वर्षीय आरोपी दिनेश पुत्र रूपा रेबारी डोडा पोस्त की आपूर्ति के लिए जा रहा था। कटसूरा से चौसला के बीच पुलिस की भनक लगते ही आरोपी अपना वाहन रास्ते में ही छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने जब लावारिस वाहन की तलाशी ली, तो उसमें दो कट्टों में भरा 45 किलोग्राम 500 ग्राम डोडा पोस्त मिला। इस मामले में आरोपी तभी से फरार चल रहा है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
पहले से दर्ज हैं कई आपराधिक मामले
पुलिस के मुताबिक आरोपी दिनेश रेबारी के खिलाफ पूर्व में भी एनडीपीएस कानून के तहत मामले दर्ज हो चुके हैं। उसके विरुद्ध 17 मार्च, 2022 को चित्तौड़गढ़ जिले के बेगूं थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत पहला मामला दर्ज हुआ था। इसके उपरांत 30 जुलाई, 2024 को अजमेर जिले के अरांई थाने में भी मादक पदार्थ अधिनियम के तहत दूसरा प्रकरण दर्ज हुआ था। पुलिस इन दोनों ही पूर्व मामलों में अपनी जांच पूर्ण कर अदालत में आरोपपत्र दाखिल कर चुकी है और ये मामले न्यायालय में विचाराधीन हैं।