'मैंने सपने में भी नहीं सोचा था'
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हाथों सम्मान पाने के बाद श्रवण ने कहा कि जब पाकिस्तान के खिलाफ ऑपरेशन सिंदूर शुरू हुआ, तो सैनिक हमारे गांव आए। मैंने सोचा कि मुझे उनकी सेवा करनी चाहिए। मैं उनके लिए रोज दूध, चाय, छाछ और बर्फ ले जाता था। मुझे पुरस्कार पाकर बहुत अच्छा लग रहा है। मैंने कभी इसके बारे में सपने में भी नहीं सोचा था।
बीमारी से ग्रस्त है बाल वीर
श्रवण सिंह ने छोटी सी उम्र में देश और हमारी सेना के लिए बहादुरी का काम किया है। लेकिन यह बच्चा बीमारी से भी पीड़ित है। श्रवण शुगर की बीमारी से पीड़ित है। उसके इलाज का खर्च सेना उठा रही है। इसके अलावा उसके साहस और उत्साह को देखते हुए भारतीय सेना की गोल्डन एरो डिवीजन ने उसकी शिक्षा का पूरा खर्च उठाने का संकल्प लिया है।
7 मई को शुरू हुआ था ऑपरेशन सिंदूर
22 अप्रैल को जम्मू कश्मीर के पहलगाम में आतंकियों ने हमला किया था। इस हमले में निर्दोष और निहत्थे 26 पर्यटकों की आतंकियों ने जान ले ली थी। इस हमले के जवाब में भारतीय सेना की तरफ से ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया गया था। ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारतीय सशस्त्र बलों ने 7 मई को तड़के पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में नौ आतंकी ठिकानों पर मिसाइल हमले किए थे। इन ठिकानों में जैश-ए-मोहम्मद का गढ़ बहावलपुर और लश्कर-ए-तैयबा का मुरिदके स्थित अड्डा शामिल था।
सीएम मान ने दी बधाई
सीएम भगवंत मान ने श्रवण को बधाई देते हुए एक्स पर लिखा-पंजाबियों के लिए यह बड़े गर्व की बात है कि आज राष्ट्रपति द्वारा हमारे फिरोजपुर के निवासी 10 वर्षीय श्रवण सिंह को 'राष्ट्रीय बाल पुरस्कार' से सम्मानित किया गया। हमारे गुरुओं द्वारा दी गई शिक्षाओं पर चलते हुए, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान श्रवण सिंह ने घर से चाय-पानी और भोजन लाकर सैनिकों की जो सेवा की, वह काबिल-ए-तारीफ़ है। बच्चे के देश के प्रति हौसले और जज़्बे को सलाम।
डिप्टी कमिश्नर ने दी बधाई
फिरोजपुर की डिप्टी कमिश्नर दीपशिखा शर्मा ने श्रवण को नेशनल चिल्ड्रन अवॉर्ड से सम्मानित होने पर बधाई दी है। डीसी ने कहा कि यह सिर्फ फिरोजपुर जिले के लिए ही नहीं बल्कि पूरे पंजाब और देश के लिए गर्व की बात है। डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान बच्चे श्रवण ने दिन-रात अपने घर से चाय, पानी और खाना लाकर सरहद पर तैनात भारतीय सैनिकों की सेवा की थी, जो बहुत तारीफें काबिल है। उन्होंने कहा कि बच्चे की हिम्मत और देश के लिए जज़्बा हम सभी के लिए बहुत गर्व की बात है।