पंजाब में टोल टैक्स की मार झेल रहे लोगों के लिए खुशखबरी है। राज्य में टोल टैक्स की दरें कम की जाएंगी।
मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने संशोधित हुई टोल नीति को मंजूरी दे दी है। इसका उद्देश्य राज्य में टोल दरों को तर्कसंगत बनाने के अतिरिक्त सड़कों का इस्तेमाल करने वालों पर बोझ को घटाना है।
मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि बादल ने मंगलवार शाम को अपने आवास पर पंजाब बुनियादी ढांचा विकास बोर्ड (पीआईडीबी) की बैठक की अध्यक्षता करते हुए यह निर्णय लिया।
इस बैठक में उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल भी उपस्थित थे। संशोधित हुई टोल नीति के अनुसार कम से कम सड़क टोल टैक्स घटाकर 15 रुपये तक किए जाएंगे। अभी यह 31 रुपये हैं।
नई टैक्स नीती के तहत ढांचों (फ्लाई ओवर या अंडरब्रिजों) की टोल दर को अब लागत से जोड़ा गया है जोकि पहले लंबाई से जोड़ा गया था। इससे टोल दरें कम करने में मदद मिलेगी।
हर साल अब टोल दरों में वृद्धि करने के लिए थोक सूचकांक का केवल 40 प्रतिशत ही जोड़ा जाएगा। इसके अतिरिक्त वार्षिक तीन प्रतिशत वृद्धि को जोड़ा जाएगा जो पहली नीति में दस प्रतिशत जोड़ा जाता था।
मासिक पास में बदलाव
मौजूदा नीति में रोजाना पास की व्यवस्था एक कलेंडर दिन पर आधारित है। अब पास की स्लिप जारी होने के 24 घंटे के अंदर यह चालू हो जाएगी।
इसमें 20 प्रतिशत की जगह 25 प्रतिशत छूट दी जाएगी। मासिक वैद्यता को पास जारी होने की तारीख से लेकर तीस दिन तक माना जाएगा।