स्थानीय माडर्न जेल प्रशासन ने कैदियों से मुलाकात को आसान बनाते हर कैदी के दस पारिवारिक सदस्यों को पहचान पत्र जारी करने का फैसला किया है।
इसके आधार पर बिना किसी देरी के अब जेल में बंद कैदी से परिजन मिल सकेंगे। यह जानकारी मंगलवार को जेल अधीक्षक कुलविंदर सिंह थियाडा ने दी।
उन्होंने बताया कि जेल प्रशासन ने कैदियों के परिजन के पहचान पत्र बनाने का कार्य शुरू भी कर दिया है। अभी तक करीब दो हजार पहचान पत्र बनाए जा चुके है।
जेल प्रशासन ने पहचान पत्र बनाने के अलावा जेल को भ्रष्टाचार मुक्त करने के लिए कैदियों को नगदी की बजाए कूपन देने का फैसला किया है।
इन कूपन के जरिए वे कैंटीन से खरीददारी कर सकेंगे। यह कूपन कैदियों को जल्द जारी किए जाएंगे। जेल में ए से एम नाम वाले कैदियों से उनके परिजन मंगलवार और एन से जैड नाम वाले कैदियों से शुक्रवार को मिल सकते है।
वहीं, ए से एम नाम वाले विचाराधीन कैदियों के लिए सोमवार, वीरवार और एन से जैड तक बुधवार और शनिवार का दिन तय किया गया है।
जेल प्रशासन ने मुलाकात का समय सुबह नौ बजे से लेकर बारह बजे और दोपहर तीन बजे से लेकर शाम पांच बजे तक निश्चित किया है।