शिक्षा प्रोवाइडर अध्यापक यूनियन पंजाब ने अपनी मांगों को लेकर मंगलवार को कंपनी बाग में रोष प्रदर्शन किया। रैली में अध्यापकों ने सरकार पर वादाखिलाफी करने का आरोप लगाया।
इस दौरान सुखविंदर सिंह अजनाला ने कहा कि शिक्षा प्रोवाइडर अध्यापक लंबे समय से मांगों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
लेकिन अभी तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया है। सरकार के समक्ष उनकी मांगों में अध्यापकों को बिना शर्त रेगुलर करना, बटाला में 13 मई 2011 को हुए समझौते के अनुसार शिक्षा प्रोवाइडर अध्यापकों को एसएसए अध्यापकों की तरह अप्रैल 2012 के बराबर ग्रेड देना, अध्यापकों की योग्यता के अनुसार उनको दर्जा देना और केंद्र सरकार की ओर से अप्रैल 2013 से तनख्वाह में की वृद्धि 4300 रुपये को लागू करना आदि है।
यूनियन सदस्यों ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार उनसे सौतेला व्यवहार कर रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शिक्षा मंत्री की ओर से पारित हुए वेतन वृद्धि को लागू नहीं किया गया, तो संगठन तीखा संघर्ष करने के लिए मजबूर हो जाएगी।
इस मौके पर जरनैल सिंह, राजिंदर सिंह, रंजीत सिंह, तेजविंदर सिंह, करमजीत सिंह, प्रीतपाल सिंह, जगदीप सिंह, सेवक सिंह, दलबीर सिंह, सर्बजीत कौर, मनप्रीत कौर, गुरमीत कौर, कंवलप्रीत कौर, राजिंदर कौर और कुलविंदर कौर मौजूद थे।