अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। आय से अधिक संपत्ति बनाने के मामले में बंद पूर्व कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया से नाभा की नई जिला जेल में सोमवार को एसएसपी वरुण शर्मा की अगुवाई वाली एसआईटी ने पूछताछ की। करीब ढा़ई घंटे चली पूछताछ में एसआईटी ने मजीठिया से गायब जमीनी रिकाॅर्ड के बारे में सवाल किए।
एसआईटी के अधिकारियों ने बताया कि अदालत के आदेश के बाद यह पूछताछ की गई है। दरअसल आम आदमी पार्टी ने सूत्रों का हवाला देते दावा किया था कि मजीठिया की अमृतसर स्थित संदिग्ध प्रापर्टी के कागजात गायब किए गए हैं। पूछताछ करने वाली टीम में पटियाला के एसएसपी वरुण शर्मा के अलावा एसपी गुरबंस बैंस भी शामिल रहे। बाहर निकलने पर एसआईटी के अधिकारियों ने मीडिया के साथ बात करने से इन्कार कर दिया और गाड़ियों में बैठकर मौके से रवाना हो गए।
नाभा जेल में बंद मजीठिया की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। सोमवार को मजीठिया से एसआईटी ने पूछताछ की। शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता मजीठिया के खिलाफ पहले दिसंबर 2021 में तत्कालीन चन्नी सरकार के राज में एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया था। बाद में मजीठिया को इस मामले में जेल भी जाना पड़ा था। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत मिलने पर अगस्त 2022 में करीब पांच महीनों के बाद मजीठिया पटियाला जेल से रिहा हुए थे। इसके बाद 25 जून को मजीठिया को अमृतसर स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया था। आय से अधिक संपत्ति बनाने के अलावा मजीठिया पर 540 करोड़ रुपये की ड्रग मनी को वैध बनाने के भी आरोप हैं। पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में हाल ही में मोहाली की अदालत में मजीठिया के खिलाफ चार हजार पन्नों की एक विस्तृत चार्जशीट दाखिल की है। 18 अगस्त को मोहाली की अदालत ने मजीठिया की जमानत याचिका खारिज कर दी और उनकी न्यायिक हिरासत 28 अगस्त तक बढ़ाई है।