दहेज की मांग पूरी न होने पर पत्नी की गला घोंटकर हत्या करने के दोषी पति को एडिशनल सेशन जज हरिंदर कौर सिद्धू की अदालत ने शनिवार को उम्रकैद की सजा सुनाई।
साथ ही दोषी पर 50 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया, जिसके अदा न करने पर दोषी को छह महीने की अतिरिक्त सजा भुगतनी पडे़गी।
पुलिस के पास विवाहिता के पिता संजीव कुमार निवासी मोरिंडा ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसने अपनी लड़की रिचा की शादी पटियाला के अमन कालोनी के रहने वाले रवि मित्तल के साथ 29 जनवरी, 2012 को कराई थी। 3 सितंबर, 2012 को उनकी पत्नी ने रिचा को फोन किया, तो वह लगातार बंद आ रहा था।
इसी बीच उन्हें अपने समधी का पटियाला से फोन किया कि दामाद रवि मित्तल ने भाखड़ा नहर में छलांग लगा दी, जिसे लोगों ने बचा लिया है और अब वह अस्पताल में दाखिल है। उनकी लड़की रिचा का कुछ पता नहीं लग रहा है। वह तुरंत अपने रिश्तेदारों के साथ जब लड़की के ससुराल पहुंचे, तो देखा कि रिचा की लाश बेड पर पड़ी थी।
उसकी गला घोंट कर हत्या की गई थी। विवाहिता के पिता ने पुलिस के पास बयान दिया कि उनका दामाद ईंटों का भट्ठा लगाना चाहता था और इसके लिए उनसे आर्थिक मदद मांग रहा था। उन्होंने पैसे देने में असमर्थता जताई थी।
बाद में त्रिपड़ी पुलिस ने पिता के बयान पर पति के खिलाफ हत्या का पर्चा दर्ज कर लिया था। आज इस मामले में कोर्ट ने पति को पत्नी की हत्या का दोषी पाते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई।