फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Halwara: दूसरे राज्यों के मजदूरों के खिलाफ प्रचार से ग्रामीण क्षेत्रों में तनाव, सहाैली की बैठक में हंगामा

Sat, 20 Sep 2025 08:08 PM IST
चंडीगढ़ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हलवारा (पंजाब)

सार

सरपंच पलविंदर सिंह लिट्ट ने कहा कि हमारा इन बाहरी राज्य के मजदूरों से कोई निजी रंजिश नहीं है और न ही सही लोगों को गांव से निकालने का कोई इरादा है लेकिन आपराधिक आचरण वाले लोगों को गांव में रहने की इजाजत नहीं दी जा सकती।
विज्ञापन
बैठक में माैजूद लोग - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

होशियारपुर में बाहरी राज्य के मजदूर की ओर से बच्चे से दुष्कर्म और कत्ल के बाद बढ़ रहे विवाद की आंच अब हर गांव तक पहुंच रही है। बाहरी राज्यों के इन मजदूरों और उनके परिवारों के पक्ष और विपक्ष में स्थानीय लोगों का आपस में टकराव भी बढ़ता दिखाई दे रहा है।

विज्ञापन


इसी मसले को लेकर निकटवर्ती गांव सहौली में सरपंच पलविंदर सिंह लिट्ट के नेतृत्व में लोगों की बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में दूसरे राज्य के मजदूरों को लेकर टकराव की भी स्थिति बनी रही जिसे समझदार बुजुर्ग गांव वासियों ने सहजता से संभाल लिया। बैठक में काफी गर्मागर्मी का माहौल बना रहा। मामला मौखिक एलान तक ही सीमित रहा।

मुख्यमंत्री भगवंत मान के आह्वान के चलते बाहरी राज्य के मजदूरों के खिलाफ पंचायत ने कोई लिखित प्रस्ताव पास नहीं किया। पंचायत घर में सरपंच पलविंदर सिंह लिट्ट ने गांव में रह रहे दूसरे राज्य के मजदूरों को काम पर रखने और उनके रहने की व्यवस्था करने वाले ग्रामीणों को बैठक में आमंत्रित किया था। 
विज्ञापन


बैठक में ये बात खुल कर रखी गई कि पंजाब की अर्थव्यवस्था को संवारने में बाहरी राज्य के मेहनती लोगों का बहुत बड़ा योगदान है जिसे झुठलाया नहीं जा सकता। कुछ गलत लोगों के आचरण से सभी को सजा देना या पंजाब निकाला देना जायज नहीं है।

अनजान लोगों को गांव से बाहर निकालने की वकालत

बैठक के दौरान गांव में रह रहे सभी मजदूर और उनके परिवार के सदस्यों के कागजात की गहन जांच करने, स्थानीय मजदूरों को हरेक काम में पहल देने और अनजान मजदूर और उनके परिवारों को गांव से से बाहर निकालने की मांग की गई। गांव की दुकानों में बिक रहे तंबाकू उत्पाद जैसे गुटखा, सिगरेट-बीड़ी आदि पर प्रतिबंध लगाने की भी वकालत की गई और दुकानदारों को इन्हें न बेचने की चेतावनी दी गई है।

सरपंच पलविंदर सिंह लिट्ट ने कहा कि हमारा इन बाहरी राज्य के मजदूरों से कोई निजी रंजिश नहीं है और न ही सही लोगों को गांव से निकालने का कोई इरादा है लेकिन आपराधिक आचरण वाले लोगों को गांव में रहने की इजाजत नहीं दी जा सकती। पंचायत गांव में रह रहे बाहरी राज्य के लोगों के पहचान पत्र ले रही है और इनका पूरा रिकॉर्ड पंचायत के पास रखा जाएगा। इसके अलावा सारा रिकॉर्ड संबंधित थाना चौकियों में दिया जाएगा। 

गांव में हुड़दंग मचाने गैर कानूनी गतिविधियां और बिना पंजीकरण वाहनों पर बिना वजह घूमने वालों को भी चेतावनी दी गई। इस मौके पर सरपंच पलविंदर सिंह लिट्ट, तेजपाल सिंह, जगपाल सिंह पाली, रमिंदर सिंह, कृष्ण सिंह (पंच), मनमोहन सिंह, अमरीक सिंह, जसपाल सिंह गैरी, बलविंदर सिंह, बीरिंदरपाल सिंह, सुखदेव सिंह पूर्व पंच आदि मौजूद थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें