- सीएम मान ने कहा- पटियाला की तर्ज पर पंजाब भर में ऐसे और बस अड्डे बनाए जाएंगे
- मौजूदा बस स्टैंड से लोगों की सुविधा के मद्देनजर इलेक्ट्रिकल बसें चलाई जाएंगी
अमर उजाला ब्यूूरो
पटियाला। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मंगलवार को पटियाला में करीब 61 करोड़ की लागत से बने अति आधुनिक बस स्टैंड का उद्घाटन किया है। मान ने कहा कि यह बस स्टैंड रोल माॅडल है। इसकी इसकी तर्ज पर सूबे भर में ऐसे और बस अड्डे बनाए जाएंगे। करीब सवा आठ एकड़ में बने इस बस स्टैंड पर 45 काउंटर होंगे और रोज यहां से 1500 बसें चलेंगी। इसमें चार लिफ्टें भी होंगी।
खास तौर से दिव्यांगों की सुविधा के लिए बस स्टैंड में सीढि़यों के साथ-साथ रैंप की भी सुविधा मुहैया कराई गई है। पटियाला के मौजूदा बस स्टैंड से शहर के विभिन्न हिस्सों के लिए इलेक्ट्रिकल शटल बस सेवा शुरू की जाएगी। इस बस सेवा को पंजाब के अन्य शहरों में भी शुरू करने की सरकार की योजना है।
घर-घर पहुंचाई जाएगी बुढ़ापा और विधवा पेंशन और राशन
मान ने घोषणा की कि आने वाले दिनों में उनकी सरकार की ओर से लोक भलाई स्कीमों जैसे बुढ़ापा व विधवा पेंशन के अलावा राशन घर-घर पहुंचाने का काम किया जाएगा। इससे नौजवानों को रोजगार भी मिल सकेगा, जो डोर टू डोर जाएंगे। अभी तक पंजाब में केवल महुआना में ड्राइविंग स्कूल था, लेकिन अब अमरगढ़ के नजदीक तौलावाला में खोला जा रहा है। इसके अलावा दोआबा और माझा में भी ड्राइविंग स्कूल खोले जाएंगे। मान ने कहा कि जालंधर के वोटरों ने उनकी सरकार के हक में फतवा देकर रिवायती पार्टियों को नकार दिया है। उनकी सरकार ने स्कूल ऑफ एमीनेंस, मोहल्ला क्लीनिकों व अन्य विकास के कामों पर वोट मांगें, वहीं विरोधियों ने जाति-धर्म व बिरादरी के नाम पर वोट मांगे।
मजीठिया, सुखबीर और कैप्टन पर बोला हमला
मान ने कहा कि वह केवल पंजाब के लोगों के प्रति जवाबदेह हैं, न कि उन लोगों के जिनके पूर्वजों ने जलियांवाला बाग कांड के बाद जनरल डायर को सम्मानित किया था। नशा तस्करी में फंसे और फिलहाल जमानत पर बाहर आए नेता उनके पंजाब प्रति प्रेम पर सवाल उठाते हैं, जबकि इन्होंने व सुखबीर बादल ने कभी अपने निजी हितों से ऊपर पंजाब को रखकर नहीं देखा। पटियाला हलके से विधायक रहे कैप्टन अमरिंदर सिंह मुख्यमंत्री होते हुए इतनी बार अपने हलके में नहीं आए होंगे, जितनी बार वह सीएम बनने के बाद पटियाला आए हैं। जालंधर उपचुनाव हार जाने के बाद वह नेता कहां हैं, जो ओए व तू करके बोलते हैं। मान ने कहा कि सरकारी दफ्तरों के समय में बदलाव से 50 करोड़ की बिजली की बचत हो रही है।