पटियाला के गांव महिमदपुर में सोमवार को खेतों में लगी आग को बुझाते फायर ब्रिगेड के कर्मचारी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
बिजली तारों के आपस में टकराने और इसमें से निकली आग से सोमवार को पटियाला के निकटवर्ती गांव महिमदपुर में 35 एकड़ रकबे पर खड़ी गेहूं की फसल जलकर स्वाह हो गई।
इससे करीब 10 लाख का नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है। मौके पर फायर बिग्रेड की गाड़ियों ने पहुंच कर आग पर काफी मशक्कत के बाद काबू पाया।
बहादुरगढ़ चौकी के इंचार्ज सुखदेव सिंह ने बताया कि गांव चमारहेड़ी के किसान गुरमेल सिंह ने गांव महिमदपुर में ठेके पर छह एकड़ जमीन लेकर इस पर गेहूं की फसल लगाई थी। इसी तरह से रघवीर सिंह, किरपाल सिंह, हरजीत सिंह, केहर सिंह, अमृतपाल सिंह, सुबेग सिंह ने भी महिमदपुर जट्टां में ठेके पर जमीनें लेकर गेहूं की फसल लगाई थी। किसान रघवीर सिंह ने बताया कि 24 घंटे सप्लाई का ट्रांसफार्मर राजपुरा रोड पर बनी नर्सरी के पीछे लगा हुआ है। इसमें बिजली की सप्लाई छोड़ी हुई थी। किसी तरह बिजली के तारें आपस में टकराने से निकली आग से उनकी 35 एकड़ गेहूं की फसल पूरी तरह जलकर स्वाह हो गई।
सूचना मिलने पर गांव व इलाके के लोगों व फायर ब्रिगेड़, बहादुरगढ़ चौकी से पुलिस पार्टी मौके पर पहुंची और बड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। लेकिन तब तक 10 लाख कीमत की गेहूं सड़ कर स्वाह हो चुकी थी। गांव के लोगों ने मांग की है कि दिन में बिजली की सप्लाई बंद की जाए, ताकि आग लगने की सूरत में होने वाले नुकसान से बचा जा सके। किसानों ने जली गेहूं की मुआवजा सरकार व प्रशासन से देने की मांग की है।