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सरकार पर भड़के मुलाजिम, धरना देकर की नारेबाजी

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पटियाला में सरकार खिलाफ धरना-प्रदर्शन करते मुलाजिम। - फोटो : PATIALA
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दि क्लास फोर्थ गवर्नमेंट इंप्लाइज यूनियन के बैनर तले मुलाजिमों ने मंगलवार को सरकार के खिलाफ धरना देकर जोरदार नारेबाजी की। मुलाजिमों के मोबाइल भत्ते में कटौती करने के सरकार के फैसले का विरोध किया और इसके खिलाफ 30 जुलाई को अर्थी फूंक रैली करने का भी एलान किया।
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मुलाजिम नेता दर्शन सिंह लुबाना ने कहा कि पंजाब सरकार ने आर्थिक तंगी का बहाना बनाकर मुलाजिमों को साल 2011 से मिल रहे मोबाइल भत्ते को घटाने का जो फैसला किया है, वह बेहद निंदनीय है। कोरोना के इस संकट काल में भी मुलाजिम लगातार दिन-रात काम कर रहे हैं। ऐसे में कर्मचारियों के खिलाफ इस फैसले ने सरकार के असली चेहरे का पर्दाफाश कर दिया है। साथ ही कहा कि पंजाब के मुलाजिम पहले ही विभागीय कामों के लिए हजारों रुपये मोबाइल व इंटरनेट डाटा पर अपनी जेबों से खर्च कर रहे हैं। 15 हजार रुपये प्रति महीना टेलीफोन भत्ते के रूप में मंत्रियों व विधायकों को लुटाने वाले वित्त विभाग की ओर से मुलाजिमों के मामूली मोबाइल भत्ते में कटौती करना धक्केशाही है।
उन्होंने कहा सरकार कोविड-19 की आड़ में मुलाजिमों के एकत्र होने पर पाबंदियां लगाकर लंबे संघर्षों से हासिल की गई सुविधाओं को एक-एक करके छीनती जा रही है, जिसे किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। साथ ही कहा कि खजाना खाली है, तो फिर सरकार अपने मंत्रियों, विधायकों व उच्चाधिकारियों को दी सुविधाएं वापस क्यों नहीं लेती। हर समय केवल कर्मचारियों की सुविधाओं पर ही क्यों कैंची चलाई जा रही है। चेतावनी दी कि इसका खामियाजा कांग्रेस को आगामी विधानसभा चुनाव में उठाना पड़ सकता है।
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