गांव नागाखेड़ी में मंगलवार रात शराब ठेके में फंदा लगाकर एक नौजवान ने अपनी जान दे दी, जबकि उसके पिता का कहना है कि वह पढ़ाई में कमजोर था और फेल होने के डर से उसने यह कदम उठाया है।
गांव नागाखेड़ी निवासी मनजीत सिंह शराब के ठेके पर काम करता है। उसने बताया कि मंगलवार रात घरेलू व्यस्तता के चलते उसने अपने अठारह वर्षीय पुत्र रोबिन सिंह को ठेके पर काम के लिए भेज दिया।
सुबह काफी देर तक जब रोबिन घर नहीं लौटा तो उसने पंचायत की मौजूदगी में ठेके का अंदर से बंद किए दरवाजे को खोलकर देखा तो रोबिन की लाश छत वाले पंखे से लटक रही थी। रोबिन अपने माता पिता का इकलौता पुत्र था।