शहर के दशमेश नगर इलाके में शनिवार तड़के चार नकाबपोश पिस्तौल के दम पर करियाना की दुकान चलाने वाले एक व्यक्ति से कार छीनकर फरार हो गए। भागने से पहले नकाबपोशों ने कार मालिक को बेहोश किया और उसे वहीं सड़क पर छोड़ गए।
पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए अज्ञात लुटेरों के खिलाफ धारा 392 के तहत केस दर्ज कर लिया है। मामले के जांच अधिकारी त्रिपड़ी थाने के एसआई श्मशेर सिंह ने बताया कि करियाना की दुकान चलाने वाला दशमेश नगर निवासी वरुण जैन हर शनिवार को अपने दोस्त के साथ गुरुद्वारा श्री दुखनिवारण साहिब में माथा टेकने के लिए जाता है।
सुबह करीब सवा पांच बजे वह अपने दोस्त को गुरुद्वारे में माथा टेकने के लिए ले जाने उसके घर की ओर से जा रहा था। वरुण जैन जैसे ही इंडिगो कार में अपने घर से कुछ आगे जिम के पास पहुंचा, तो कार के अगले शीशे पर कोई तरल पदार्थ गिरने से बाहर कुछ भी दिखना बंद हो गया।
वरुण ने कार रोकी और जैसे ही वह बाहर निकला, तो उसको चार लोगों ने घेर लिया। उनके मुंह ढके हुए थे। वरुण ने पुलिस को बयान दिया है कि नकाबपोशों में से एक ने उसकी कनपटी पर पिस्तौल लगा दी और कहा कि यह गाड़ी हमें दे दो।
वरुण ने विरोध किया, तो एक ने पिस्तौल का मुट्ठा मार कर उसे बेहोश कर दिया। जब वरुण को होश आया, तो वह सरहिंद रोड बाइपास स्थित एक होटल के पास था।
वरुण ने जब परिवार के साथ संपर्क करने के लिए मोबाइल करना चाहा, तो उसकी बैटरी भी गायब थी। वरुण ने किसी व्यक्ति से मोबाइल मांग कर अपने भाई को सूचित किया और वह पुलिस थाने में पहुंचे।
दोपहर को वरुण व उसके भाई ने एसएसपी को मिलकर सारी घटना की जानकारी दी। वरुण के मुताबिक कार छीनने वाले नकाबपोश हिंदी में बात कर रहे थे। जो लंबे व तगड़े शरीर वाले थे। इनमें एक नकाबपोश की पीठ पर बैग टंगा हुआ था।