अमृतसर के अस्पताल में उपचाराधीन एक कैदी को अगवा कर उसकी हत्या करने का मामला एक बार फिर चर्चा में है। मामले में पुलिस की ओर से की गई जांच में दोषी पाए गए छह पुलिसकर्मियों को विभाग की ओर से बर्खास्त कर दिया गया है।
शनिवार को एसएसपी बटाला हरजिंदर सिंह ने इसका खुलासा किया। उन्होंने बताया कि आरोपियों में शामिल बटाला में तैनात तीन एएसआई और तीन हवलदारों के खिलाफ बर्खास्तगी की कार्रवाई की गई है।
उन्होंने बताया कि पुलिस कमिश्नर अमृतसर की तरफ से बटाला पुलिस को इस संबंध में निर्देशित किया गया था। बटाला में तैनात मामले के आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ आपराधिक धाराओं में मामला दर्ज किया जा चुका है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।
विभाग के उच्चाधिकारियों के निर्देश पर मामले के आरोपी एएसआई सविंदर सिंह, एएसआई गुलशनबीर सिंह, एएसआई बलजीत सिंह, हवलदार गुरप्रीत सिंह, हवलदार लखविंदर सिंह, और हवलदार जगजीत सिंह को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया गया है।
एसएसपी ने बताया कि सभी आरोपी पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। मामले में इंस्पेक्टर नौरंग सिंह को भी बर्खास्त करने के लिए डीआईजी बार्डर रेंज अमृतसर से सिफारिश की गई है।
- यह है मामला
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बिक्रमजीत सिंह पुत्र बखशीश सिंह वासी अलगोकोठी जिला तरनतारन के खिलाफ थाना भिखीविंड पुलिस ने 19 मई 2002 को हत्या का मुकदमा दर्ज किया था । बाद में अदालत ने बिक्रमजीत सिंह को उम्र कैद की सजा सुनाई थी। बिक्र मजीत सिंह तरनतारन जेल में सजा भुगत रहा था। इसी बीच बिक्र मजीत सिंह की तबीयत खराब होने पर उसे गुरुनानक अस्पताल अमृतसर में भर्ती करवाया गया था।
आरोप है कि इसी दौरान आरोपी पुलिसकर्मियों ने बिक्रमजीत सिंह को अस्पताल से अगवा कर लिया था। बाद में उसकी हत्या कर दी गई थी। मामले में अमृतसर पुलिस की ओर स जांच की जा रही थी। जांच में तथ्य सामने आने पर आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ थाना सिविल लाइन अमृतसर में मुकदमा दर्ज कराया गया था।