तीन दिन पहले हुई अजीत सिंह निवासी ठठियारी गेट बटाला की मौत ने शुक्रवार को बवाल पैदा कर दिया। वार्ड नंबर 25 के पार्षद पंकज भट्टी की अगुवाई में मृतक के परिजनों ने शुक्रवार को जीटी रोड पर स्थित गांधी चौक में करीब डेढ़ घंटा चक्का जाम कर दिया।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि तीन दिन पहले वार्ड नंबर 25 ठठियारी गेट बटाला के रहने वाले अजीत सिंह की मौत पीलिया से हुई थी। सेहत विभाग ने बताया है कि मृतक अजीत सिंह की मौत शराब पीने से हुई है। सेहत विभाग ने ऐसी पुष्टि करके अपनी जिम्मेदारी से बचने की कोशिश है।
प्रदर्शनकारियों ने रोष जताया कि सेहत विभाग ने ऐसी पुष्टि करके मृतक के परिवार की सामाजिक बदनामी की है। मृतक अजीत सिंह अमृतधारी सिख था। इसके अलावा उसका सारा परिवार भी अमृतधारी है। प्रदर्शनकारी तब शांत हुए जब डीएसपी सिटी जगबिंदर सिंह संधू ने उनको कार्रवाई का आश्वसन दिया। इस मौके पर उन्होंने एसएसपी बटाला के नाम पर एक ज्ञापन भी सौंपा।
प्रदर्शन के दौरान पार्षद पंकज भट्टी और मृतक के पारिवारिक सदस्यों ने बताया कि गंदे पानी की वजह से कुछ क्षेत्रों में पीलिया फैला है। अजीत का इलाज बटाला के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा था और उसकी गंभीर हालत को देखते हुए बाद में उसे अमृतसर रेफर कर दिया था, जहां 9 फरवरी को उसकी मौत हो गई थी।
उन्होंने जब अजीत सिंह पोस्टमार्टम ही नही हुआ तो सेहत विभाग ने अजीत सिंह की मौत शराब पीने के कारण पुष्टि कैसे कर दी है। मृतक अजीत सिंह की सेहत संबंधी रिपोर्ट में साफ है कि वह पीलिया से पीड़ित था।
उन्होंने बताया कि सेहत अधिकारियों ने पीलिया की बीमारी को छिपाने और जिम्मेदारी से बचने के लिए अजीत सिंह पर शराब पीने का झूठा आरोप लगाया है। प्रदर्शनकारियों ने एसएसपी से मांग की है नगर काउंसिल के अधिकारियों और सिविल सर्जन के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।