जिले में तेज आंधी और बारिश कहर साबित हुई। सड़कों पर कई जगह पड़ों के गिरने से कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। ऐसे में यातायात और बिजली आपूर्ति व्यवस्था चरमरा गई। वहीं खड्डी खड्ड के पास स्कूटी सवार दो छात्र पानी में बह गए। हालांकि उन्हें किसी तरह से बचा लिया गया। लगातार बारिश से पठानकोट-नैरोगेज रेलमार्ग पर पेड़ गिरने से 7 घंटे तक रेल परिचालन ठप रहा। बारिश का पानी दुकानों से लेकर लोगों के घरों में घुस आया। इससे नगर निगम की सफाई व्यवस्था की पोल भी खुल गई है।
शुक्रवार रात 10 बजे से जोरदार बारिश का सिलसिला शुरू हुआ जोकि शनिवार को दोपहर 12 बजे तक जारी रहा। आज सुबह खड्डी खड्ड में बारिश का पानी आने से सकूटी पर जा रहे दो बच्चे बह गए। उन्हें रास्ते से गुजर रहे सेना के एक जवानों ने छलांग लगाकर सुरक्षित बाहर निकाला।
सुरक्षित बचाए गए दोनों छात्र पनव और अभिषेक दसवीं के छात्र हैं। उधर, नैरोगेज रेलवे ट्रैक पर रामाशरण कालोनी के पास ट्रैक पेड़ गिरने से रेल परिचालन भी बाधित रहा। वहीं डिफेंस रोड, पठानकोट-कुल्लू रोड, सुजानपुर माधोपुर रोड पर कई जगह पर पेड़ गिने से यातायात ही प्रभावित रहा। डिफेंस रोड पर सेना के जवानों ने पेड़ को काटकर ट्रैफिक को बहाल किया। दूसरी तरफ सुजानपुर में मूसलाधार बारिश ने लोगों की मुश्किलों को बढ़ा दिया है।
इसके कारण सड़कों व स्कूलों में पानी भर गया। वहीं लोगों को कई जगह बिजली की सप्लाई बाधित होने से परेशानी उठानी पड़ी। गांव सोली भोली के सरकारी प्राइमरी स्कूल, गांव अजीजपुर के मिडिल स्कूल व पुलिस थाना सुजानपुर के सांझ केन्द्र में दो फुट तक पानी भर गया। वहीं गांव अजीजपुर खदावर में गलियों में एक से दो फुट पानी भर गया।
कैलाशपुर बाग वाली माता मार्ग पर सुजानपुर थाना के पास सड़क के बीच पेड़ गिरने व पठानकोट सुजानपुर मार्ग में भी पेड़ गिरने से यातायात प्रभावित रहा। वहीं दूसरी तरफ घो फीडर, अजीजपुर फीडर , माधोपुर फीडर, पंगोली, में कई जगह तेज आधी से बिजली के पोल टूटने के कारण बिजली सप्लाई बाधित रही। एसडीओ सुरिन्द्र कुमार ने बताया कि क्षेत्र में 15 पोल टूटे हैं।
यह इलाके सर्वाधिक प्रभावित
रात में बारिश से नुकसान का पता नहीं चल सका, लेकिन जब दुकानदार सुबह अपनी दुकानों पर पहुंचे तो भीतर पानी देखकर दंग रह गए। शहर के गांधी चौक, मेन बाजार, शास्त्री नगर, काली माता मंदिर, ढांगू रोड, माडल टाउन में दो से तीन फीट तक पानी भर गया।