मोहाली। घर से भागी दो नाबालिग लड़कियों से जबरन देह व्यापार करवाने के आरोप में पुलिस ने बलौंगी से एक महिला को गिरफ्तार किया। जिला उपायुक्त ने पुलिस के साथ दबिश देकर दोनों नाबालिगों को महिला के चंगुल से मुक्त करवाया। गिरफ्तार महिला की पहचान सोनू के रूप में हुई है। मुक्त करवाई गई लड़कियों में से एक की उम्र 12 और दूसरे की उम्र 14 साल है।
मामले में बीते मंगलवार को समाजसेवी संस्था बचपन बचाओ आंदोलन की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी महिला सोनू के खिलाफ अनैतिक दुर्व्यवहार निवारण अधिनियम 1956 की धारा 3, 4, 5, 6 व भारतीय दंड संहिता की धारा 370 और किशोर न्याय अधिनियम 2015 की धारा 75 के तहत केस दर्ज किया था। संस्था बचपन बचाओ आंदोलन के राज्य समन्वयक यादवेंद्र सिंह मान ने बताया कि उनकी संस्था के राष्ट्रीय बाल शिकायत केंद्र में शिकायत आई थी कि मोहाली शहर में सोनू नाम की एक महिला बिहार से दो नाबालिग लड़कियों को बहला-फुसला कर लाई है और डरा धमकाकर उनसे देह व्यापार करवा रही है। जिला उपायुक्त से मुलाकात कर संस्था के पदाधिकारियों ने शिकायत दी। इसके बाद जिला बाल कल्याण समिति, बाल संरक्षण इकाई, पुलिस और बचपन बचाओ आंदोलन के सदस्यों की एक रेस्क्यू टीम बनाई गई। जांच में पता चला कि दोनों लड़कियां बलौंगी में हैं। इसके बाद टीम ने वहां दबिश देकर दोनों लड़कियों को बरामद कर लिया। लड़कियों के अलावा उसी कमरे में देह व्यापार कराने वाली आरोपी महिला सोनू भी मौजूद थी। पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया।
झगड़े के बाद दोनों भागी थीं घर से
दोनों नाबालिग लड़कियों ने पूछताछ में बताया कि उनका अपने माता-पिता से किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था। इसके बाद वह घर से भाग गईं। उन्हें सोनू नाम की महिला मिली और वह दोनों को अपने साथ मोहाली ले आई। उसने कहा कि वह उन्हें ब्यूटी पार्लर या घरों में काम करने के लिए लगवा देगी। कुछ दिन बीतने के बाद भी महिला ने उन्हें कहीं काम पर नहीं लगवाया, जिसके बाद उन्होंने अपने घर पर बात करने के लिए कहा तो उक्त महिला कहने लगी कि तुम्हारे पिता पर दुष्कर्म का आरोप लगवाकर उस पर केस दर्ज करवा दूंगी। इसके बाद वह मारपीट कर उनसे जबरन देह व्यापार करवाने लगी।