सुखविंदर सिंह भाटिया ने बस संचालकों की मनमानी पर उठाए सवाल, कार्रवाई की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
खरड़। निजी बसों द्वारा यात्रियों को खरड़ बस स्टैंड के अंदर न उतारने का मामला फिर सामने आया है। शिरोमणि अकाली दल अमृतसर के जिला मोहाली वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुखविंदर सिंह भाटिया ने लुधियाना से खरड़ आते समय हुए अपने अनुभव को साझा करते हुए प्रशासन से संबंधित बस संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
भाटिया के अनुसार, बस में चढ़ते समय उन्हें खरड़ बस स्टैंड के अंदर उतारने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन खरड़ पहुंचने पर कंडक्टर ने ट्रैफिक जाम का हवाला देकर उन्हें पुल पर ही उतार दिया। बस में महिलाएं, बच्चे और सामान लेकर यात्रा कर रहे अन्य यात्री भी थे। टिकट पर खरड़ बस स्टैंड दर्ज होने की बात कहने के बावजूद कंडक्टर ने उनकी बात नहीं मानी। भाटिया ने प्रशासन से मांग की कि टिकट पर दर्ज गंतव्य के अनुसार यात्रियों को उतारने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाले बस संचालकों के खिलाफ उचित कार्रवाई हो।
बॉक्स: वीडियो में जाम नहीं होने का दावा
भाटिया ने बताया कि बस से उतरने के बाद उन्होंने वीडियो बनाया, जिसमें उनके अनुसार सड़क पर ट्रैफिक जाम नहीं था। उन्होंने टिकट पर कथित तौर पर पुरानी तारीख दर्ज होने का मुद्दा उठाते हुए जांच की मांग भी की।
बुजुर्गों और महिलाओं को होती है परेशानी
खरड़ बस स्टैंड पुल के नीचे स्थित है। यात्रियों की शिकायत है कि कई निजी बसें स्टैंड में जाने के बजाय पुल के ऊपर से गुजर जाती हैं। इससे बुजुर्गों, महिलाओं, बच्चों और सामान लेकर चलने वालों को परेशानी होती है। कई यात्रियों को ऑटो रिक्शा पर अतिरिक्त खर्च करना पड़ता है।