जीरकपुर। पीरमुछल्ला क्षेत्र में पिंक सिटी सोसाइटी एक बार फिर से विवादों में घिर गई है। रविवार को सोसाइटी के सैकड़ों निवासियों ने बिल्डर के खिलाफ जोरदार रोष प्रदर्शन कर नारेबाजी की और आरोप लगाया कि बिल्डर सोसाइटी के लिए छोड़ी पार्क की सांझी जमीन को बेचने और वहां फ्लैटों का निर्माण कराने की कोशिश कर रहा है। लोगों ने इसे बिल्डर की धक्केशाही करार देकर प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
सोसाइटी के निवासियों का कहना है कि फ्लैट बेचते समय बिल्डर ने जिस जमीन को पार्क बताया था, उसी जमीन पर अब निर्माण कार्य शुरू करवाया जा रहा है। स्थानीय निवासियों के अनुसार नगर परिषद जीरकपुर पास किए नक्शे में गेट नंबर-2 के अंतिम सिरे पर चारदीवारी के भीतर करीब 610 गज का पार्क दर्शाया गया है। यही पार्क सोसाइटी के 500 से 600 परिवारों के लिए एकमात्र ग्रीन एरिया है। इसी पार्क में पीने के पानी के लिए ट्यूबवेल भी स्थापित है। इस पर अब कब्जा किया जा रहा है।
प्रदर्शन कर रहे गुरसेवक सिंह पूनिया, लक्ष्मण सिंह (प्रधान पिंक सिटी), शेर सिंह, दिनेश सैनी और ईश्वर सिंह ने बताया कि इसी मुद्दे को लेकर अक्तूबर माह में भी नगर परिषद जीरकपुर के कार्यकारी अधिकारी को लिखित में शिकायत दी थी। उस समय बिल्डिंग इंस्पेक्टर ने तुरंत प्रभाव से काम बंद करवा दिया। डेढ़ माह का समय गुजारने के बाद एक बार फिर भूमि पूजन कर काम शुरू कर दिया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिल्डर ने पार्क की जमीन पर प्लॉट काटकर बेच दिया है। कुछ हिस्से पर कब्जा भी कर लिया गया है। यदि इस प्लॉट पर निर्माण हो गया तो सोसाइटी निवासियों के लिए कोई भी खुली जगह नहीं बचेगी। वहीं दूसरी ओर, एक प्लॉट खरीदार का कहना है कि उसने बिल्डर से जमीन कानूनी रूप से खरीदी है। उसके पास रजिस्ट्री भी मौजूद है। सोसाइटी निवासियों का आरोप है कि यह जमीन सामूहिक उपयोग के लिए निर्धारित थी, जिसे किसी भी सूरत में बेचा नहीं जा सकता।
प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन से मांग की कि पार्क की जमीन पर चल रहे निर्माण कार्य को तुरंत रोका जाए और बिल्डर के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। इस मौके पर सौरव मलिक, विष्णु शर्मा, तरुणजीत सिंह, जोगिंदर सैनी, रविंद्र सिंह राणा, विनोद चौहान, अभिषेक तलवार, राकेश मनचंदा, गौरव शर्मा, राधेश्याम, गुलशन कुमार गोयल, बलविंदर नैन, सुरजीत, अलका, बरसाती, रमेश भट्ट, संदीप और सनी सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।वहीं प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन को और तेज करने के लिए मजबूर होंगे।
उक्त जमीन की रजिस्ट्री उनके नाम हो चुकी है। हमने नियमों के अनुसार नक्शा पास करवाने के बाद भूमि पूजन किया है यदि इस पर सोसाइटी निवासियों ने सवाल उठाया है तो वह एक बार बिल्डर से इस विषय में बात जरूर करेंगे के यदि यह जमीन ग्रीन पार्क के रूप में दर्ज थी, तो इसे प्लॉट के रूप में कैसे बेचा गया है। -आदित्य कुमार, प्लाट मालिक पिंक सिटी
अक्टूबर महीने में भी शिकायत मिली थी तो हमने काम उस समय बंद करवा दिया गया था। लेकिन यदि वह दुबारा से काम कर रहा है तो कल ही टीम भेजकर काम रुकवा दिया जाएगा। - अजय बराड़, बिल्डिंग इंस्पेक्टर नगर परिषद जीरकपुर
पूरी सोसाइटी की पैमाइश करवा लो अगर बेचा हुआ प्लॉट एक इंच भी नक्शे से बाहर या पार्क की जगह में हुआ तो मैं जुर्माना भरने के लिए तैयार हूं। लेकिन यदि लोगों के आरोप झूठे निकले तो उसका जुर्माना उनको भुगतना पड़ेगा। भले इसके लिए मुझे कानूनी लड़ाई ही क्यों ना लड़नी पड़े।
- शिव पवार, बिल्डर पिंक सिटी