जीरकपुर। छतबीड़ चिड़ियाघर के अस्थायी कर्मचारियों ने अपनी सेवाएं नियमित किए जाने की मांग को लेकर पंजाब सरकार के वन मंत्री लालचंद कटारूचक को ज्ञापन सौंपा। मंत्री बुधवार को चिड़ियाघर में आयोजित एक कार्यक्रम में पहुंचे थे। इसी दौरान कर्मचारियों ने एकत्र होकर अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन उन्हें सौंपा और जल्द निर्णय लेने की अपील की। कर्मचारियों का कहना है कि वे पिछले कई वर्षों से चिड़ियाघर में निरंतर सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन अभी तक उन्हें नियमित नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2022 तक उनकी सेवा अवधि 10 वर्ष से अधिक हो चुकी है। नियमों के अनुसार इतने लंबे समय तक कार्य करने वाले कर्मचारियों को पक्का किया जाना चाहिए, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
ज्ञापन में कर्मचारियों ने अपनी सेवाओं का पूरा विवरण देकर नामों की सूची भी सौंपी। इनमें जसबीर सिंह पुत्र ईशर सिंह, जतिंद्र सिंह पुत्र लाभ सिंह, हाकम सिंह पुत्र प्रकाश सिंह, तरसेम सिंह पुत्र ईशर सिंह, मलकीत सिंह पुत्र अजमेर सिंह, गुरप्रीत सिंह पुत्र लाभ सिंह, सुखविंदर सिंह पुत्र बारां सिंह, जरनैल सिंह पुत्र मेवा सिंह, जगतार सिंह पुत्र बंत सिंह तथा मुंजे बोरे पुत्र सासरी राम बोरे शामिल हैं। कर्मचारियों ने कहा कि वे लंबे समय से वन्य जीवों की देखरेख, रखरखाव और अन्य जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे हैं। इसके बावजूद अस्थायी दर्जे में काम करना उनके लिए आर्थिक और सामाजिक असुरक्षा का कारण बना हुआ है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक फैसला नहीं लिया गया तो वे संघर्ष का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे। कर्मचारियों ने उम्मीद जताई कि पंजाब सरकार उनके मामले पर सहानुभूतिपूर्वक विचार कर शीघ्र समाधान निकालेगी, ताकि उन्हें स्थायी नियुक्ति का लाभ मिल सके और वे पूरी निष्ठा के साथ अपनी सेवाएं जारी रख सकें।