मोहाली। पंजाब सफाई मजदूर फेडरेशन ने एरोसिटी में सफाई के मुद्दे पर तीन घंटे प्रदर्शन किया। कर्मचारियों का कहना था कि एरोसिटी में किसी दूसरी कंपनी को कूड़ा उठाने का ठेका दिया गया है। पहले यहां से घर-घर कूड़ा उठाने का काम पंजाब सफाई मजदूर फेडरेशन से जुड़े सदस्य और कर्मचारी करते थे। ऐसा नहीं किया जाना चाहिए था। सभी कर्मचारी एरोसिटी के ए-ब्लाक में सुबह दस बजे एकत्रित हुए। उसके बाद तीन घंटे तक लगातार प्रदर्शन किया।
जैसे ही यहां प्रदर्शनकारियों की संख्या बढ़ने लगी तो आईटी सिटी के एसएचओ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों और आरडब्ल्यूए के सदस्यों को आईटी सिटी पुलिस स्टेशन बुला लिया। इस मीटिंग के दौरान आईटी सिटी रेजिडेंशियल वेलफेयर एसोसिएशन सेक्टर-66 के अध्यक्ष बलबीर वधवा, सदस्य मनप्रीत सिंह सिद्धू, सदस्य योगेश मोहन और आबकारी एवं कराधान विभाग के सहायक कमिश्नर कालीचरण मौजूद रहे। इस बैठक के दौरान एरोसिटी और आईटी सिटी के ज्वाइंट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष गुरिंदर सिंह, शाम लाल, गोबिंदर सिंह, जसपाल सिंह और पंजाब सफाई मजदूर महासंघ के राज्य उपाध्यक्ष मोहन सिंह, राज्य महासचिव पवन गोदियाल सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।
यह बैठक तीन घंटे तक चली और बैठक के दौरान काफी हंगामा हुआ। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि वेलफेयर एसोसिएशन आईटी सिटी सेक्टर-66 बी द्वारा काम छीनकर किसी अन्य व्यक्ति को काम सौंपा जा रहा है। उसको बंद किया जाएगा। इसके साथ ही जिस व्यक्ति ने ठेका दिलवाया है उसको आरडब्ल्यूए से हटा दिया जाएगा। इस निर्णय के बाद संगठन ने सदस्यों के घरों के सामने कूड़ा डालने का प्रदर्शन स्थगित कर दिया है।
आरडब्ल्यूए ने नहीं दिया कूड़ा उठाने का ठेका
मोहाली। आईटी सिटी-66 में पंजाब मजदूर सफाई फेडरेशन हर घर से कूड़ा करकट उठाती है। पूरे एरोसिटी और आईटी सिटी से भी यही एक संगठन कूड़ा उठाती है। आरडब्ल्यूए संगठन के ज्वाइंट अध्यक्ष गुरिंदर सिंह ने बताया कि कुछ दिन पहले कुछ लोगों ने किसी और को इस काम के लिए कहा है। आरडब्ल्यूए संगठन के प्रधान और सदस्य ने उन लोगों को कूड़ा उठाने के लिए नहीं कहा था। ठेकेदार शनि गांव छज्जू माजरा का रहने वाला है।
उसके कुछ रिश्तेदारों ने जो कि आईटी सिटी में रहते हैं, उन्होंने कूड़ा उठाने का काम ठेकेदार को दे दिया। अब ऐसी स्थिति में फेडरेशन के कर्मचारियों को लगता है कि ठेकेदार को कूड़ा उठाने का ठेका आरडब्ल्यूए ने दिया है। एसएचओ जशनप्रीत ने कहा कि जो नया ठेकेदार आया है, उसको आगे से काम नहीं दिया जाएगा। उसकी जिम्मेदारी पुलिस ने खुद ली है। अगर वह फिर भी कोई सफाई या कूड़ा उठाने का काम करेगा तो पुलिस उसके खिलाफ कार्रवाई करेगी।