जीरकपुर में आयोजित एक कार्यक्रम में पहुंचे शिक्षामंत्री दलजीत सिंह चीमा पत्रकारों से रूबरू हुए। एक सवाल के जवाब में पंजाब की शिक्षा प्रणाली में सुधार पर एलान करते हुए उन्होंने बताया कि सरकारी स्कूलों में बच्चा 6 वर्ष की उम्र में पहुंचता है।
जबकि पेरेंट्स बच्चों को 3 वर्ष की उम्र में ही प्री-नर्सरी स्कूल में पढ़ाना शुरू कर देते हैं। बच्चा जब 6 वर्ष का होता है तो 3 वर्षों की पढ़ाई में अपने आप को सरकारी स्कूल में ऐडजस्ट नहीं कर पाता। पेरेंट्स को भी अन्य स्कूलों का रुख करना पड़ता है।
सरकारी स्कूल में नए बच्चों की कम होती गिनती पर विचार करते हुए एक प्रस्ताव तैयार कर उस पर मंजूरी के लिए केंद्र के शिक्षामंत्री के पास भेजा गया है। प्रस्ताव के मुताबिक पंजाब के सरकारी स्कूलों में 3 से 6 वर्ष तक बच्चों लिए प्री-नर्सरी क्लासेज शुरू करने की मांग की गई है। वहीं अब 2016-17 के सेशन में पंजाब के सभी 41 आदर्श स्कूलों में इसे लागू किया जा रहा है।
हमने अपनी लीड बरकरार रखनी है
एक प्रश्न के जवाब में शिरोमणि अकाली दल के महासचिव पंजाब के शिक्षामंत्री दलजीत चीमा ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में केवल अपनी लीड की ओर ध्यान दे रही हैं। वहीं, आगामी विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी अपने दूसरे कार्यकाल में राज्य में किए गए विकास कार्यों को लोगों के समक्ष रख रही है।
उन्हें पूरी उम्मीद है कि पंजाब की जनता एक बार फिर शिरोमणि अकाली दल को भारी सीटों से विजयी करके तीसरी बार सत्ता तक पहुंचाएगी।