नयागांव। वर्षों से इन पांच गांव में विकास आज भी अधूरा है। यहां लोगों के आने-जाने के लिए अच्छी तरह की सड़कें तक नहीं है। यहां चंडीगढ़ जैसे शहर में जाने के लिए के लिए एक ही रास्ता है। पहाड़ों और आसपास के इलाकों में भारी बरसात होने के कारण यहां की नदियों में काफी मात्रा में पानी आ रहा है। इस वजह से जयंती माजरी के पांच गांव कसौली, गुडा, करौंदेवाल, भगिंडी और जयंती माजरी का चंडीगढ़ और न्यू चंडीगढ़ जैसे शहर से संपर्क टूट गया है। पहले 6 अगस्त, फिर 8 अगस्त को हुई तेज बरसात की वजह से राव की नदी में बरसात का काफी पानी आया जिसकी वजह से पहले गांव गुडा के पास सड़क पर बना पुल टूटा था। इसके बाद प्रशासन ने अस्थायी तौर पर मिट्टी को समतल कर आने-जाने के लिए रास्ता ठीक किया था। लेकिन 17 अगस्त की रात फिर पहाड़ों और आसपास के इलाके में तेज बरसात होने के कारण राव नदी में फिर से तेज पानी आया और गांव गुडा के पास और इसके साथ जयंती माजरी गांव के साथ सड़क पर बना पुल भी दो-तीन जगह से टूट गया।
लोगों की बार बार अपील करने पर भी मोहाली प्रशासन और पंजाब सरकार आज तक इन पांच गांवों के विकास के लिए यह तीन पुल नहीं बना पाया। इसको लेकर इन पांच गांव के लोगों में काफी रोष है।
पुल जल्द बनाया जाए
जयंती माजरी में 600 साल पुराना ऐतिहासिक माता जयंती देवी का प्राचीन मंदिर भी है। लोगों ने सभी संबंधित डिपार्टमेंट को, इलाके के विधायक, सांसद और अन्य नेताओं को इस बारे में बताया लेकिन कोई उचित समाधान अभी तक नहीं हुआ। दूध वाले दूध नहीं दे पा रहे, बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे, बीमार व्यक्ति अस्पताल नहीं जा पा रहे हैं। हमारी प्रशासन से अपील है इस तरफ ध्यान देकर जल्द पुल बनाए जाएं। - हुस्न काल्स, सोना देवी सरपंच के पति, गांव जयंती माजरी
प्रशासन इस तरफ ध्यान दे
प्रशासन की तरफ से अभी तक कोई उचित कदम नहीं उठाया गया। कई दिनों से लोग ऐसे ही परेशान हैं खासकर स्कूल में बच्चों को लाने ले जाने में बड़ी परेशानी आ रही है। कोई इमरजेंसी में बीमार हो जाए तो उसके लिए आने-जाने के लिए कोई उचित रास्ता नहीं है प्रशासन को इस तरफ जल्द ध्यान देना चाहिए।- सोमनाथ, पूर्व सरपंच गांव कसौली
प्रशासन ने समय रहते ध्यान नहीं दिया
काफी समय से इन रोड की रिपेयरिंग नहीं हुई है। पीडब्ल्यूडी डिपार्टमेंट ने समय रहते इस तरफ ध्यान नहीं दिया। इसकी वजह से आज पांच गांव के लोग परेशान हो रहे हैं। हमारी प्रशासन से मांग है कि जल्द इस तरफ ध्यान दिया जाए और यह तीनों पुल जल्द से जल्द बनाए जाए। - कृष्ण, गांव गुडा पूर्व सरपंच