फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एनआरआई प्लॉट धोखाधड़ी : प्लॉट की फर्जी जीपीए बनाने वाले की जमानत रद्द

विज्ञापन
विज्ञापन
मोहाली। एनआरआई के प्लॉट की फर्जी जीपीए और बिक्री डीड बनाने के मामले में आरोपी निर्मल चंद को अदालत से राहत नहीं मिली है। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने निर्मल चंद को मामले का मुख्य सूत्रधार बताया और प्रभावी जांच के लिए हिरासत में पूछताछ जरूरी मानी। यह मामला थाना एनआरआई मोहाली पुलिस में दर्ज है। शिकायतकर्ता अमित नागपाल ने गांव फतेहउल्लापुर में एक प्लॉट खरीदा था। आरोप है कि इस प्लॉट से संबंधित फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए। बाद में इसे अमनदीप कौर के नाम बिक्री डीड के जरिये स्थानांतरित कर दिया गया।
विज्ञापन

अदालत ने पाया कि बिक्री डीड में करम सिंह को प्लॉट का अधिकार रखने वाला बताया गया था। हालांकि, उसकी मौत 2021 में हो चुकी थी। इसके बावजूद 2025 में निर्मल चंद के पक्ष में जीपीए तैयार की गई। इस जीपीए के जरिये शिकायतकर्ता की संपत्ति बेचने का अधिकार दिया गया। बिक्री की रकम निर्मल चंद ने अमनदीप कौर से नकद प्राप्त की थी। अदालत ने कहा कि रिकॉर्ड और घटनाक्रम से निर्मल चंद की भूमिका केंद्रीय रूप से सामने आती है। उसे जमानत देने का कोई आधार नहीं बनता। अदालत ने माना कि पुलिस को मामले की तह तक पहुंचने के लिए आरोपी से हिरासत में पूछताछ की आवश्यकता है। थाना एनआरआई पुलिस ने मामले में कई आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें