तीन अफ्रीकी बच्चों को मोहाली में मिला नया जीवन
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मोहाली का एक प्राइवेट सुपर स्पेशलिटी अस्पताल अफ्रीका के तीन मासूम बच्चों के लिए जीवन रक्षक साबित हुआ है। इस अस्पताल ने तीन ऐसे बच्चों का सफल आपरेशन किया, जो कि रोटरी क्लब, चंडीगढ़ के हार्टलाइन प्रोजेक्ट के तहत 15 दिन पहले ही जिम्बाब्वे से आए थे। इस प्रोग्राम के तहत रवांडा से छह और लड़कियों का बैच भी आया है। इनमें से 4 किशोरावस्था में हैं और हॉस्पिटल में उनकी भी जीवनदायक हार्ट सर्जरी की जाएगी। पूर्व रोटरी इंटरनेशनल प्रेसिडेंट राजेंद्र के साबू और फैसिलिटी डायरेक्टर अभिजीत सिंह ने एक साथ बच्चों का स्वागत किया। उनके साथ हार्ट सर्जन की टीम भी मौजूद रही। इनका नेतृत्व फोर्टिस हॉस्पिटल मोहाली के कार्डियोथोरासिस और वस्कुर्लर सर्जरी के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर डॉ. टीएस महंत ने किया। इस मौके पर साबू ने कहा कि रोटरी क्लब, चंडीगढ़ ने फ्री-हार्ट सर्जरी के इस प्रोजेक्ट को वर्ष 1999 में शुरू किया था। वर्ष 2006 से फोर्टिस अस्पताल मोहाली की सहभागिता में अब तक गरीब बच्चों की 602 सर्जरी की जा चुकी हैं। उन्होंने आगे बताया कि फोर्टिस हॉस्पिटल, मोहाली की सहभागिता में हम 2006 से लेकर अब तक 440 बच्चों की जिंदगी को बचा चुके हैं। इस मौके पर रोटरी हार्टलाइन प्रोजेक्ट के चेयरमैन रोटेरियन हसन सिंह मेजी भी मौजूद रहे।