छोटी उम्र में बिना किसी के सुझाव व मदद लिए अपने सपनों को पूरा करने का जज्बा बहुत कम बच्चों में दिखाई देता है। ठीक वैसे ही एक 15 वर्षीय कमल ने यह कारनामा कर दिखाया है। अपनी साइकिल के हैंडल को उतार कर उस पर मारुति-800 का स्टेरिंग लगा साइकिल को तैयार कर डिजाइनिंग की शुरुआत की है।
यह इतना आसान नहीं था क्योंकि आर्थिक तंगी के चलते घर के हालात कुछ अच्छे नहीं थे। इन हालातों में भी साइकिल से छेड़छाड़ करने में परिवार वालों की मंजूरी नहीं थी मगर फिर भी अपना सपने को पूरा करने के लिए कमल ने कोई कसर नहीं छोड़ी।
मारुति-800 का स्टेयरिंग लगाकर अपनी गाड़ी का शोक इस कदर पूरा किया कि राहगीरों के अलावा स्कूल के टीचर और दोस्त भी तारीफाें के फूल बांधते नहीं थकते। सरकारी माडल स्कूल फेज-3बी1 में कक्षा 9वीं की पढ़ाई कर रहा कमल ने बताया कि स्कूल जाते व घर आते समय हर कोई रास्ते में रोक कर उनकी साइकिल पर लगे स्टेरिंग के बारे में पूछता है। कई बार तो ट्रैफिक पुलिस कर्मी भी देख तंग रह जाते हैं।
भाई की फैक्टरी से लिया स्टेरिंग और पापा ने जोड़ा
नौवीं कक्षा में पढ़ाई कर रहा कमल के चार भाई हैं और मूल रूप से वह नेपाल के रहने वाला है। कमल ने बताया कि उसका बड़ा भाई करीब एक साल पहले गाड़ियों की फैक्टरी में काम करता था। वहां वह अपने भाई के साथ जाता था। एक बार उसने वहां से पुराना टूटा हुआ स्टेरिंग लिया। इसके बाद वह उसे अपना पापा के पास फेज-8 इंडस्ट्रियल एरिया में ले गया और वहां जाकर उसके पापा ने उसकी साइकिल के हैंडल को उतार कर गाड़ी के स्टेरिंग को बैल्डिंग किया।
सपने बहुत हैं लेकिन पैसों की तंगी से बेबस है
कमल ने बताया कि वह एक स्पेशल मोटरसाइकल का डिजाइन बनाना चाहता है ताकि वह दुनिया को दिखा सके। पर आर्थिक तंगी के कारण वह अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर पा रहा है।