गांव छत वासियों ने की डिस्पेंसरी को अपग्रेड करने की मांग
-आम आदमी क्लीनिक खुलने से डिस्पेंसरी के अस्तित्व पर मंडराया संकट, ग्रामीणों विधायक को दिया मांगपत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
जीरकपुर। पंजाब सरकार की ओर से राज्य में खोले जा रहे आम आदमी क्लीनिक के कारण गांव छत में 39 साल से चल रही सरकारी डिस्पेंसरी का अस्तित्व खतरे में पड़ गया है। इस डिस्पेंसरी के अस्तित्व को बचाने और इसे अपग्रेड करने के लिए ग्रामीणों ने वीरवार को विधानसभा क्षेत्र के विधायक कुलजीत सिंह रंधावा को मांगपत्र दिया है।
इस संबंधी ग्रामीणों की ओर से क्षेत्र विधायक को दिए गए मांगपत्र में कहा है कि यह डिस्पेंसरी यहां 1983 से बनी हुई है। यह इस गांव सहित आसपास के दस गांवों के निवासियों को स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करा रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि हमारे ध्यान में आया कि गांवों में चल रही डिस्पेंसरियों के स्टाफ को पंजाब सरकार द्वारा स्थापित किए जा रहे आम आदमी क्लीनिकों में स्थानांतरित करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि जानकारी के अनुसार गांव खिजरगढ़ में बनने जा रहे आम आदमी क्लीनिक में गांव छत की डिस्पेंसरी के डॉक्टर सहित सभी स्टाफ को स्थानांतरित किए जाने की संभावना है। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों समेत अन्य स्टाफ के तबादले से इस डिस्पेंसरी का अस्तित्व खत्म हो जाएगा। नतीजतन, इस डिस्पेंसरी पर निर्भर दस गांवों के निवासियों को भारी स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने विधानसभा क्षेत्र के विधायक कुलजीत सिंह रंधावा के माध्यम से पंजाब सरकार से यहां स्टाफ न बदलने की मांग की। बल्कि इस डिस्पेंसरी को अपग्रेड कर अस्पताल बनाया जाए। ग्रामीणों ने अपना विरोध जताते हुए कहा कि इस डिस्पेंसरी को पहले चरण की सरकारों द्वारा कई बार अपग्रेड करने का आश्वासन देने के बाद प्रस्ताव मिला है, लेकिन अभी तक यह मांग बीच में ही लटकी हुई है।
इस मौके पर विधायक कुलजीत सिंह रंधावा ने आश्वासन दिया कि वह जल्द से जल्द ग्रामीणों की मांग को स्वास्थ्य विभाग तक पहुंचाकर इस समस्या का समाधान करेंगे।