मोहाली। वेरका मिल्क प्लांट में दूध देने वाले उत्पादक प्लांट की ओर से दो हफ्ते में दूध की कीमतें दो बार घटाने के विरोध में प्रदर्शन करेंगे। दुग्ध उत्पादक परमिंदर सिंह का कहना है कि यहां पर हर इंसान का वेतन महंगाई के दौर में बढ़ता है। वहीं, वेरका प्रबंधन उत्पादकों की जेब काटने में लगा है। वे इसका विरोध करते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रबंधन द्वारा दूध खरीदने की कीमतें घटाने के विरोध में सोमवार सुबह 11 बजे वे प्रदर्शन करेंगे। इसके अलावा वह प्रबंधन में चल रहे भ्रष्टाचार के बारे में भी बताएंगे। उनका कहना है कि यहां इस वक्त हरे चारा,बरसीन और फीड आदि की कीमतें काफी बढ़ गई है। इस बीच दूध के दाम घटाने के बजाय कम करके प्रबंधन ने उनके साथ धोखा किया है। प्रबंधन अपनी कमाई बढ़ाने के चक्कर में उत्पादकों को कम दाम दे रही है लेकिन इसे किसी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। अपने हक लेने के लिए यह अभी उनकी शुरुआत है और अगर जरूरत पड़ी तो वे संघर्ष को और तेज करेंगे।
दोपहर को दूध की सप्लाई हो सकती है प्रभावित
वेरका मिल्क प्लांट के बाहर 11 बजे प्रदर्शन शुरू होगा। सूत्रों के अनुसार प्रदर्शनकारी मांगें माने जाने तक डटे रहेंगे और इस दौरान उनके द्वारा सप्लाई को प्रभावित करने की योजना भी है। अगर ऐसा होता है तो ट्राइसिटी में दूध की किल्लत का सामना करना पड़ सकता है। वहीं यह भी पता चला है कि दुग्ध उत्पादक वेरका मिल्क प्लांट को दूध देने को बंद करने की योजना भी बना रहे हैं ताकि उनकी मांगें मानी जा सके और दाम घटाने के बजाय बढ़ाए जाएं।