मोहाली। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 23 दिसंबर 2021 को लुधियाना अदालत में हुए बम धमाके के आरोपी हरप्रीत सिंह को एक दिसंबर को मलेशिया से लौटते हुए दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद टीम ने भारी सुरक्षा के बीच शुक्रवार को उसे मोहाली अदालत में पेश किया। अदालत ने उसे सात दिन के रिमांड पर भेज दिया। अब उसे नौ दिसंबर को पेश किया जाएगा।
अदालत में पेशी के दौरान एनआईए के वकील ने कहा कि आरोपी हरप्रीत सिंह के विदेश में बैठे आतंकियों के साथ संपर्क में है। इसके तार टेरर फंडिंग के साथ भी जुड़ रहे हैं। ऐसे में इससे लंबी पूछताछ की जरूरत है जिसके लिए 10 दिन का रिमांड दिया जाए। इसके बाद अदालत ने सात दिन का रिमांड दे दिया।
रोडा का साथी है हरप्रीत
सूत्रों के अनुसार, आरोपी हरप्रीत सिंह पाक में बैठे आतंकी लखबीर सिंह रोडा का साथी है। एनआईए को जांच के दौरान हरप्रीत से कई आतंकियों के बारे में खुलासा होने की उम्मीद है। वहीं, विदेशों में बैठे कई आतंकियों के स्लीपर सेल की जानकारी भी मिल सकती है। वहीं, एनआईए इससे कई गैंगस्टरों के विदेशों में बैठे आतंकियों से संबंधों के बारे में पूछताछ कर सकती है।
बम लगाने वाले ने आरोपी को की थी अंतिम कॉल
लुधियाना कोर्ट कांप्लेक्स बम धमाका मामले में नामजद जिला अमृतसर के गांव मिआदी कलां के रहने वाले आरोपी हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी को एनआईए ने भगोड़ा करार देकर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। सूत्रों के अनुसार, बम धमाके की जांच में एनआईए को पता चला था कि कोर्ट कांप्लेक्स में बम लगाने वाले आरोपी ने अंतिम कॉल हैप्पी को की थी, इसलिए आशंका जताई जा रही है कि आईईडी ब्लास्ट में हैप्पी का बड़ा हाथ है।
आत्मघाती हमले में बर्खास्त सिपाही की गई थी जान, पांच लोग हुए थे जख्मी
उल्लेखनीय है कि 23 दिसंबर 2021 की दोपहर को लुधियाना कोर्ट कांप्लेक्स की पहली मंजिल पर स्थित बाथरूम के अंदर बम धमाका हुआ था। धमाके में बम लगाने वाले आरोपी के चिथड़े उड़ गए थे। वहीं, पांच अन्य लोग घायल हो गए थे। जांच में पता चला था कि बम लगाने वाला पंजाब पुलिस का बर्खास्त सिपाही गगनदीप सिंह था और खन्ना का रहने वाला था। धमाके में इंप्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) का इस्तेमाल करने की बात सामने आई थी। पहले इस मामले में थाना डिवीजन नंबर-5 की पुलिस ने एफआईआर दर्ज की थी। बाद में एनआईए ने इस मामले को अपने हाथों में ले लिया था।