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Mohali News: ट्रेडिंग में मोटे मुनाफे का झांसा देकर खरड़ के व्यक्ति से ठगे 29.05 लाख रुपये

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मोहाली। ऑनलाइन ट्रेडिंग में मोटा मुनाफा कमाने का झांसा देकर साइबर ठगों ने खरड़ निवासी एक व्यक्ति से 29.05 लाख रुपये ठग लिए। पीड़ित सोशल मीडिया पर ट्रेडिंग से संबंधित वीडियो देख रहा था। इसी दौरान एक वीडियो पर क्लिक करने के बाद उसे व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ लिया गया। इसके बाद ट्रेडिंग में निवेश के नाम पर उससे अलग-अलग बैंक खातों में लाखों रुपये ट्रांसफर करवाए गए। निवेश की रकम निकालने के लिए आठ लाख रुपये की सर्विस फीस मांगे जाने पर उसे ठगी का शक हुआ। शिकायत के आधार पर साइबर क्राइम थाना, सेक्टर-79, मोहाली ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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27 नवंबर से 17 दिसंबर के बीच ट्रांसफर किए 29.05 लाख रुपये

पुलिस को दी शिकायत में केंद्रीय विहार-1, खरड़ निवासी निकुंज शर्मा (41) ने बताया कि वह सोशल मीडिया पर ट्रेडिंग से संबंधित वीडियो देख रहे थे। इसी दौरान एक वीडियो पर क्लिक करने के कुछ समय बाद उन्हें ‘शोनाया वी868 राइजिंग बुल्स कम्युनिटी’ नाम के व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ दिया गया। ग्रुप में असिस्टेंट मिस्टर चाणक्य को मुख्य विश्लेषक बताया गया, जबकि दिव्यांशी नाम की युवती ने उनसे संपर्क किया। पीड़ित के अनुसार, ग्रुप के माध्यम से उन्हें ट्रेडिंग की जानकारी दी जाने लगी। कुछ समय बाद दिव्यांशी ने उन्हें ‘शोनाया मैक्स’ नाम का ऐप डाउनलोड करने के लिए कहा। इसके बाद व्हाट्सएप ग्रुप में अलग-अलग बैंक खातों की जानकारी भेजी गई और निवेश के नाम पर उनसे रकम ट्रांसफर करवाई गई। शिकायत के मुताबिक, 27 नवंबर से 17 दिसंबर 2025 के बीच निकुंज शर्मा ने अलग-अलग लेनदेन के जरिए कुल 29.05 लाख रुपये विभिन्न बैंक खातों में जमा करवाए।
रकम निकालने के लिए मांगी आठ लाख रुपये की फीस

निकुंज शर्मा ने जब निवेश की रकम निकालने के लिए दिव्यांशी से संपर्क किया तो उनसे आठ लाख रुपये सर्विस फीस के रूप में जमा करवाने को कहा गया। इतनी बड़ी रकम की मांग होने पर उन्हें धोखाधड़ी का संदेह हुआ। इसके बाद उन्होंने साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करवाई। जांच अधिकारी गुरसिमरन वीर सिंह ने बताया कि पीड़ित की शिकायत और बयानों के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(4) और आईटी एक्ट की धारा 66सी के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस उन बैंक खातों की जांच कर रही है, जिनमें रकम ट्रांसफर की गई थी। साथ ही व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए पीड़ित के संपर्क में आए लोगों की पहचान करने के प्रयास किए जा रहे हैं। मामले की जांच जारी है।
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