मोहाली। स्पेशल ऑपरेशन सेल (एसएसओसी) मोहाली ने नवांशहर के जसकरण सिंह सिद्धू को 9 एमएम पिस्टल, दो मैगजीन और पांच कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सामने आया कि जसकरण गैंगस्टर जीशान अख्तर के नेटवर्क का ऑपरेटिव था। जीशान ने उसे हथियार सौंपे थे और वह एक फाइनेंसर की रेकी कर रहा था।
एसएसओसी की एआईजी सिमरत कौर ने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी। इसमें बताया गया कि जसकरण सिद्धू विदेश में बैठे जीशान अख्तर के संपर्क में है। वह उसके निर्देश पर पंजाब में संभावित लक्ष्यों की निगरानी कर रहा था। इस सूचना पर एसएसओसी टीम ने 2 सितंबर को मोहाली के वेरका चौक के पास जसकरण को पकड़ा। पूछताछ में पता चला कि जसकरण और जीशान अख्तर स्कूल के समय से एक-दूसरे को जानते हैं। दोनों शंकर नकोदर गांव के रहने वाले हैं। मार्च-अप्रैल 2026 में जीशान ने इंस्टाग्राम के जरिये जसकरण से दोबारा संपर्क किया। जसकरण को आर्थिक मदद की जरूरत थी, जिसका फायदा उठाकर जीशान ने उसे काम के बदले पैसे देने की पेशकश की।
फाइनेंसर की रेकी और वीडियो
मई 2026 में जीशान ने जसकरण को पंजाब के एक फाइनेंसर की रेकी का काम सौंपा। उसे फाइनेंसर के कार्यालय और आवाजाही पर नजर रखने के लिए मोबाइल एसेसरीज की दुकान लगाने को कहा गया। जसकरण ने मई से जुलाई के अंत तक दुकान चलाकर फाइनेंसर की गतिविधियों पर निगरानी रखी। उसने म्यूजिक स्पीकर में छिपे कैमरे से वीडियो बनाए और व्हाट्सएप के जरिये जीशान को भेजे। इस काम के लिए जसकरण को जीशान से करीब 80 हजार रुपये मिले थे।
दूसरे टारगेट के लिए हथियार
पुलिस के अनुसार, फाइनेंसर की निगरानी पूरी होने के बाद जसकरण को मोहाली में एक और असाइनमेंट दिया गया। इसी दौरान उसे हथियार और कारतूस उपलब्ध कराए गए थे। गिरफ्तारी के समय बरामद ग्लॉक पिस्टल, दो मैगजीन और पांच जिंदा कारतूस इसी असाइनमेंट से जुड़े हैं। इन हथियारों को फोरेंसिक और बैलिस्टिक जांच के लिए भेजा गया है। आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है और पुलिस जीशान अख्तर के नेटवर्क की जांच कर रही है।