मोहाली। फेज-1 में डबल सुसाइड मामले में पुलिस ने मनीष पर आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर लिया है। अनस और निधि को मनीष नामक शख्स ब्लैकमेल कर रह था, जिस कारण उन्होंने खुदकुशी की थी। मनीष बलौंगी के आदर्श नगर का रहने वाला है। पुलिस ने उसके घर पर रेड की, लेकिन वह फरार है। आरोपी को पकडऩे के लिए पुलिस की छापेमारी जारी है। मनीष की गिरफ्तारी के बाद ही साफ हो पाएगा कि वह निधि को क्यों ब्लैकमेल कर रहा था।
बता दें अनस और निधि ने फेज-1 स्थित कोठी की दूसरी मंजिल पर किराये के कमरे में फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली थी। अनस सहारनपुर (यूपी) का रहने वाला था जबकि निधि बलौंगी में रह रही थी और मूलरूप से बिहार की रहने वाली थी। अनस करीब डेढ़ साल से कोठी के कमरे में किराये पर रह रहा था। निधि उसकी महिला मित्र थी और कभी-कभार उससे मिलने आती थी। अनस एसी का काम करता था। उसके साथी कर्मचारी उसे फोन कर रहे थे जब उसने फोन नहीं उठाया तो वह उसके कमरे में उससे मिलने आए थे लेकिन अंदर से कमरा बंद था।
जब दरवाजा खटखटाने पर भी अनस ने दरवाजा नहीं खोला तो उन्होंने मकान मालिक को सूचना दी। मकान मालिक ने आकर कमरा तोड़ा तो अंदर दोनों ने फंदा लगाया हुआ था। उसके बाद मोहाली पुलिस को सूचना दी गई। दोनों ने अपना-अपना सुसाइड नोट लिखा था। दोनों ने मनीष को मौत का जिम्मेवार ठहराया था। मृतक निधि ने सुसाइड नोट में लिखा है कि मनीष उसे ब्लैकमेल करता है जिस कारण वह उससे तंग आकर खुदकुशी कर रही है। वहीं, अनस ने भी मनीष का नाम सुसाइड नोट पर लिखा था, जिसने कहा था कि मनीष उसे धमकियां देता है वह उससे काफी परेशान है, जिस कारण वह खुदकुशी कर रहा है।