जीरकपुर। शहर की वीआईपी रोड पर पिछले कुछ दिनों से सीवरेज लाइन की सफाई करने का काम किया जा रहा है। लेकिन इसमें यह दिक्कत आ रही है कि कई जगहों पर मैनहोल के ढक्कन दिखाई ही नहीं दे रहे हैं, इस कारण सीवरेज लाइन की सफाई करने में देरी हो रही है। यह सीवरेज के ढक्कन वीआईपी रोड पर बनाई गई सड़क के नीचे करीब 3-4 फीट नीचे दब चुके हैं। इस कारण अब सीवरेज के ढक्कन ढूंढने के लिए मेटल डिटेक्टर का इस्तेमाल किया जा रहा है और इसके बाद सफाई की जा रही है।बता दें कि शहर के सीवरेज लाइन की अच्छी तरह से सफाई करने के लिए साढ़े चार करोड़ की लागत से टेंडर लगाया गया है। इसका काम पिछले एक सप्ताह से सक्शन मशीनों की मदद से किया जा रहा है। यहां यह बताना भी जरूरी है कि पिछले 15 साल की बात करें तो वीआईपी रोड की सड़क कई बार बनाई जा चुकी है, लेकिन सीवरेज की सफाई एक बार भी नहीं की गई। बार-बार सड़क बनाने के कारण सड़क का लेवल तो ऊपर उठ गया, लेकिन सीवरेज के मैनहोल के ढक्कन करीब 3 से 4 फीट नीचे ही दब गए। नीचे दबे हुए मैनहोल के ढक्कनों का फायदा उठाते हुए इस सड़क पर कई बिल्डरों और दुकानदारों द्वारा अवैध तरीके से सीवरेज के कनेक्शन भी जोड़े गए हैं, जिसका किसी को पता ही नहीं चलता। अब यहां नगर परिषद ने सफाई का काम शुरू किया है तो ठेकेदार को मैनहोल के ढक्कन ही नहीं मिल रहे हैं। इस मौके पर मौजूद ठेकेदार के कर्मचारियों ने बताया कि हमें पूरी सफाई का ठेका मिला है। हमें सभी मैनहोल ढूंढकर सफाई करनी ही पड़ेगी, भले इसमें समय लग जाए।
कोट्स
पूरे शहर में सीवरेज की सफाई का काम शुरू कर दिया गया है। कुछ मैनहोल को मेटल डिटेक्टर के साथ ढूंढा जा रहा है, भले ही इसमें समय ज्यादा लग रहा है। लेकिन सीवरेज की सफाई का काम पूरा किया ही जाएगा। इसके अलावा नीचे दबे मैनहोल को ऊपर भी उठाया जाएगा ताकि भविष्य में सफाई करने में कोई समस्या न आए। -रवनीत सिंह, कार्यकारी अधिकारी, जीरकपुर