ट्रेन के आगे कूदकर टेंट हाउस मालिक ने दी जान
सूचना मिलने के बाद भी नहीं उठाया गया शव, दो घंटे तक कम रफ्तार में गुजरती रहीं ट्रेनें
अमर उजाला ब्यूरो
डेराबस्सी।
अंबाला-कालका रेलवे लाइन पर एक कारोबारी ने सोमवार को ट्रेन के नीचे आकर खुदकुशी कर ली। मृतक की पहचान परमिंदर सिंह (45) निवासी गांव रामपुर सैणियां के रूप में हुई है। वह गांव भगवास में टेंट हाउस चलाता था। रेलवे पुलिस ने करीब दो घंटे तक रेलवे लाइन से शव को नहीं उठाया। ट्रेनों के शव के ऊपर से गुजरने के कारण वह क्षत-विक्षत हो गया। शव न उठाने के कारण ट्रेनों की रफ्तार कम हो गई। रेलवे पुलिस मृतक के खुदकुशी के कारणों की जांच कर रही है।
जानकारी के मुताबिक, सोमवार सुबह करीब 11 बजे अमरदीप कॉलोनी के नजदीक एक व्यक्ति ने रेलगाड़ी के नीचे आकर खुदकुशी कर ली। कॉलोनी वासियों ने बताया कि मृतक काफी देर से रेलवे लाइन पर घूम रहा थी। जब रेलगाड़ी आई तो उसे पटरी पर से हटने के लिए काफी शोर मचाया, लेकिन उसने अनसुना कर दिया। रेलवे लाइन के बीच ट्रेन की तरफ पीठ कर बैठ गया। हादसे के बाद कुछ देर के लिए रेलगाड़ी मौके पर रुक गई और चालक ने इसकी जानकारी रेलवे पुलिस को दी। इस मामले में रेलवे पुलिस की भारी लापरवाही देखने को मिली। सूचना मिलने के करीब दो घंटे बाद तक शव को नहीं उठाया गया। नतीजतन वहां से गुजरने वाली हर ट्रेन की रफ्तार कम करनी पड़ी। करीब दो घंटे बाद रेलवे पुलिस मौके पर पहुंची और शव को सरकारी अस्पताल के मोर्चरी में रखवाया। मंगलवार को उसका पोस्टमार्टम किया जाएगा।
लालड़ू रेलवे पुलिस चौकी इंचार्ज रामपाल ने बताया कि मृतक के भाई के बयान पर धारा 174 की कार्रवाई की गई है। मौके पर मृतक के परिवार का इंतजार के कारण शव को नहीं उठाया गया था।