जीरकपुर। गांव दयालपुरा रोड पर पड़ती स्प्लेंडे नामक नामी सोसाइटी के लोग बुनियादी सुविधाएं न मिलने के कारण परेशान हैं। लोगों का कहना है कि यह वह वादे हैं जो बिल्डर ने फ्लैट बेचते समय उनके साथ किए थे। लेकिन लोगों को यहां आए एक साल से ऊपर का समय निकल गया है, उनकी समस्याएं ज्याें की त्यों बनी हुई है। वहीं, सोसाइटी निवासी संजय चौबे ने कहा की अगर बिल्डर द्वारा उनकी समस्याओं का जल्द हल न किया गया तो वह सोसाइटी के बाकी लोगों के साथ भूख हड़ताल पर बैठ जाएंगे। जिसकी जानकारी उन्होंने बिल्डर को पहले ही दे दी है। सोसाइटी निवासियाें में संजय चौबे, नरेश मदान, आशा मलिक, मोनिका सदाना, बलबीर सिंह, अनिल बंसल, अक्षय विज, एल के शर्माग, प्रिंस, शिवांशु, निहाल शर्मा, शालू खेड़ा, रनिल ब्रआ, राहुल बहिल, संदीप देवगन, राम शंकर शुक्ला, राकेश कुमार सहित अन्य लोगों ने कहा की बिल्डर ने फ्लैट बेचते समय बड़े बड़े वादे किए थे और उनके फ्लैट भी करोड़ों रुपये के खरीदे हुए हैं। लेकिन अब जब हम लोग वादे के मुताबिक सहूलियत मांगते हैं तो बिल्डर उनका फोन उठाना भी मुनासिब नही समझते। जबकि फ्लैट लेने से पहले बिल्डर द्वारा उनको पलकों पर बिठा कर रखा जाता था। लोगों ने बताया कि बिल्डर ने सोसाइटी में पांच जरनेटर लगाने का वादा किया था लेकिन अब तक एक ही लगा है जो लगातार चलता रहता है। जिस कारण वह धुंआ ज्यादा छोड़ता है। धुएं के कारण बिल्डिंग काली हो गई है और लोगों की सेहत पर भी बुरा असर पड़ रहा है। लोगों ने कहा कि जेनरेटर के धुएं की चिमनी को फ्लैटों से ऊंचा किया जाए ताकि इसका किसी को नुकसान न हो। इसके अलावा बिल्डर द्वारा बिजली बैकअप के नाम पर ज्यादा पैसे वसूले जा रहे हैं, जिसके रेट तय किए जाने चाहिए। लोगों ने बताया की सोसाइटी में लगे एसटीपी की हालात सुधारी जाए।
सोसाइटी में बैठने के लिए बेंच लगाएं जाएं, जिसका वादा बिल्डर ने फ्लैट बेचने से पहले किया था। सोसाइटी में चोरी की घटनाएं भी हो रही हैं उन्हें रोकने के लिए गार्ड्स की संख्या बढ़ाई जाए और बाहरी दीवार पर तीन से चार फीट उंची ग्रिल लगाई जाए, ताकि चोर आसानी से सोसाइटी में न घुस सके। इसके अलावा पूरी सोसाइटी में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं। लोगों ने कहा की इसके अलावा सोसाइटी में फायर सर्टिफिकेट, प्रदूषण सर्टिफिकेट, एक्यूपेंसी सर्टिफिकेट के बोर्ड लगाए जाएं। सोसाइटी में निर्माण चलने के कारण सड़कों की हालात खस्ता को सुधारा जाए। इसके अलावा सबसे बड़ी समस्या यह है कि सोसाइटी में एलपीजी की जगह पीएनजी गैस प्रदान की जाए ताकि कोई बड़ा हादसा न हो। लोगों ने मांग है कि सोसाइटी मेंटेनेंस का समान बढ़ाया जाए क्योंकि सोसाइटी में फ्लैट होने के कारण किसी न किसी फ्लैट में समस्या आ रही रहती है, इसके लिए तजुर्बेकार प्लंबर और कारपेंटर का इंतजाम किया जाए। लोगों ने बताया कि यह छोटी-छोटी समस्याएं हैं, जिसकी तरफ बिल्डर बिलकुल भी ध्यान नहीं दे रहा है। लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर उनकी समस्या का जल्द हल न किया गया तो उन्हें मजबूरन अपनी कार्रवाई तीखी करनी पड़ेगी।
कोट्स
सोसाइटी में काम करवाए जा रहे हैं। क्लब हाउस का काम लगभग पूरा होने वाला है, जल्द वह लोगों के हैंडओवर कर दिया जाएगा। लोगों बिल्डर से हर तरह की उपेक्षा करते हैं, लेकिन मेंटेनेंस देते समय उन्हें समस्या होने लगती है। जबकि फंड्स के बिना कोई काम नहीं होता। लोग मेंटेनेंस पूरी देंगे तो सभी काम होने शुरू हो जाएंगे। बाकी हम जितने काम करवा सकते हैं वह करवा रहे हैं। -संदीप जिंदल, बिल्डर, स्प्लेंडे सोसाइटी।