गांव में मातम 65 वर्षीय विधवा कुलदीप कौर और 42 वर्षीय मेजर सिंह की कल मौत हो गई
लांडरां /बनूड़। निकटवर्ती गांव गुडाना में देर शाम जब एक विधवा मां और उसके इकलौते बेटे को एक साथ जलाया गया तो घटनास्थल पर मौजूद हर आंख नम हो गई। दोनों की कल मौत हो गई थी, जिससे पूरे इलाके में शोक की लहर थी। दोनों की मौत का कारण मानसिक परेशानी बताई जा रही है।
दिवंगत मंगत सिंह की पत्नी कुलदीप कौर (65) का पोस्टमॉर्टम मोहाली के सिविल अस्पताल में किया गया, जबकि उनके इकलौते बेटे मेजर सिंह (42) का पोस्टमॉर्टम सरकारी मेडिकल अस्पताल, सेक्टर 32, चंडीगढ़ में किया गया।
सनेटा पुलिस चौकी के प्रभारी बलजिंदर सिंह ने बताया कि गांव गुडाना की विधवा महिला कुलदीप कौर की बुधवार रात गलती से कोई गलत दवा पीने से हालत बिगड़ गई थी। परिजन उसे सोहाना अस्पताल लेकर गए थे जहां गुरुवार को उसकी मौत हो गई। पुलिस ने शुक्रवार को मृतक का पोस्टमार्टम करवाकर शव वारिसों को सौंप दिया है।
वहीं विधवा के बेटे मेजर सिंह की बनूड़ इलाके में मौत हो गई। बनूड़ थाने के एएसआई और मामले के जांच अधिकारी महिंदर सिंह ने बताया कि मेजर सिंह मानसिक रूप से परेशान था। वह सड़क के किनारे गिर गया था। उसे 108 नंबर की एंबुलेंस से बनूड़ के सरकारी अस्पताल ले जाया गया था। उसकी खराब हालत को देखते हुए अस्पताल ने सरकारी मेडिकल अस्पताल, सेक्टर 32, चंडीगढ़ रेफर कर दिया था। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। युवक के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद शव वारिसों को सौंप दिया गया है।
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दिया है फोटो कैप्शन:
लांडरां /बनूड़।मृतक युवक मेजर सिंह की फाइल फोटो। गुडाना में विधवा मां और इकलौते बेटे को एक साथ जलाया गया: गांव में मातम 65 वर्षीय विधवा कुलदीप कौर और 42 वर्षीय मेजर सिंह की कल मौत हो गई